Surah Qasas Ayat 1 Tafseer in Hindi
Surah Qasas Verse 1 translate in arabic
Ayats from Quran in Hindi
- भी (अपनी जगह) कुछ कर रहा हूँ, फिर अनक़रीब ही तुम्हें मालूम हो जाएगा कि
- वह लोग कहने लगे कि (ऐ मूसा) क्यों तुम हमारे पास उस वास्ते आए हो
- जो चीज़ आसमानों में है और जो चीज़ ज़मीन में है (सब) ख़ुदा ही की
- (कि कुछ समझ में न आएगा) ये उसकी सज़ा है कि तुम दुनिया में नाहक
- इसका नतीजा यह हुआ कि खुदा मुनाफिक़ मर्दों और मुनाफिक़ औरतों और मुशरिक मर्दों और
- (मुसलमानों) क्या तुम इस बात से डर गए कि (रसूल के) कान में बात कहने
- इसी तरह तू भी इन पर रहम फरमा तुम्हारे दिल की बात तुम्हारा परवरदिगार ख़ूब
- क्या तुम्हें उस बात पर ताअज्जुब है कि तुम्हारे पास तुम्ही में से एक मर्द
- और दिलेर बना और मेरा काम मेरे लिए आसान कर दे और मेरी ज़बान से
- खुदा को छोड़कर उन चीज़ों को (हाजत के वक्त) बुलाता है जो न उसको नुक़सान
Quran surahs in Hindi :
Download surah Qasas with the voice of the most famous Quran reciters :
surah Qasas mp3 : choose the reciter to listen and download the chapter Qasas Complete with high quality
Ahmed Al Ajmy
Bandar Balila
Khalid Al Jalil
Saad Al Ghamdi
Saud Al Shuraim
Abdul Basit
Ammar Al-Mulla
Abdullah Basfar
Abdullah Al Juhani
Fares Abbad
Maher Al Muaiqly
Al Minshawi
Al Hosary
Mishari Al-afasi
Yasser Al Dosari
Please remember us in your sincere prayers