अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- कन्ज़ (خزانہ): खज़ाना, धन-दौलत का भंडार।
- जन्नत (باغ): बाग़, बगीचा।
- मस्हूर (جادو زدہ): जिस पर जादू कर दिया गया हो, जिसकी अक़्ल पर जादू का असर हो।
तफ़सीर:
मुशरिकीन (बहुदेववादियों) ने कहा कि यह व्यक्ति (जिसका अर्थ है मुहम्मद ﷺ) हमारी तरह ही खाना खाता है और बाज़ारों में चलता-फिरता है (रोज़ी कमाने के लिए)। उन्होंने आपत्ति जताई कि अगर यह सच में अल्लाह का रसूल है, तो अल्लाह उसके साथ कोई फ़रिश्ता क्यों नहीं भेजता जो उसकी सच्चाई की गवाही दे? या उस पर आसमान से कोई खज़ाना क्यों नहीं उतारा जाता? या उसके पास कोई बड़ा बाग़ क्यों नहीं होता जिसके फल वह खाता, ताकि उसे बाज़ारों में रोज़ी की तलाश में न चलना पड़े?
फिर उन ज़ालिमों (अत्याचारियों) ने अपने अनुयायियों से कहा: "तुम लोग (ऐ ईमानवालों!) एक ऐसे आदमी के पीछे चल रहे हो जिस पर जादू कर दिया गया है और उसकी अक़्ल पर जादू का असर है।" उनका कहना था कि यह व्यक्ति अपने दावे में सच्चा नहीं है, बल्कि जादू से प्रभावित है, इसलिए उसकी बातों पर ध्यान न दो।
यह आयत उन लोगों की हालत बयान करती है जो हक़ (सत्य) को कबूल करने के बजाय बहाने बनाते हैं। वे सच्चाई को मापने का पैमाना यह बनाते हैं कि रसूल कैसा दिखता है, क्या खाता है, कहाँ रहता है — जबकि सच्चाई की कसौटी उसका पैग़ाम और उसकी दलीलें हैं। अल्लाह ने अपने रसूलों को इंसान ही बनाकर भेजा, ताकि लोग उनसे सीधे सीख सकें और उनकी ज़िंदगी उनके लिए नमूना बने।
इस आयत से हमें सबक़ मिलता है कि हमें सच्चाई को उसके दलीलों की रोशनी में परखना चाहिए, न कि अपनी सोच और अंदाज़े से। अल्लाह के रसूल ﷺ की सबसे बड़ी निशानी उनका क़ुरआन और उनका उत्तम चरित्र था, न कि दौलत या शाही ठाठ-बाठ। जो लोग सच्चाई को ठुकराते हैं, वे हमेशा ऐसे ही बहाने ढूंढते हैं, लेकिन हक़ तो हक़ है, चाहे उसे कितना भी झुठलाया जाए। हमें चाहिए कि हम अल्लाह के दीन को समझें और उस पर अमल करें, क्योंकि यही हमारी कामयाबी का रास्ता है।
📜 आयत 6-10 — अल-फुरकान
अनुवाद — अल-फुरकान 8
सूरा अल-फुरकान आयत 8 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : (कम से कम) इसके पास ख़ज़ाना ही ख़ज़ाना ही (आसमान…सूरा आयत 8/77 — अल-फुरकान الفرقان (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अल-फुरकान सुनें, अल-फुरकान अनुवाद, अल-फुरकान mp3, अल-फुरकान pdf. आयत 6–10. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
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