अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- ضَرَبُوا لَكَ الْأَمْثَالَ: उन्होंने तुम्हारे लिए मिसालें बनाईं, यानी तुम्हें ऐसे नाम और विशेषण दिए जो ग़लत और बेतुके थे।
- فَضَلُّوا: वे सत्य से भटक गए।
- سَبِيلًا: कोई रास्ता या मार्ग।
तफ़सीर (व्याख्या):
ऐ नबी! ज़रा ग़ौर करो और हैरान रह जाओ कि ये मक्का के मुशरिकीन तुम्हारे बारे में कैसी-कैसी अजीब और बेबुनियाद बातें कहते हैं। वे तुम्हें जादूगर, काहिन (ज्योतिषी), शायर और दीवाना कहते हैं, और तुम्हारे बारे में ऐसी मिसालें पेश करते हैं जो हक़ीक़त से बिल्कुल दूर हैं। उनका मक़सद ये है कि लोगों को तुमसे दूर करें और तुम्हारी दावत को बदनाम करें। लेकिन इन झूठी बातों की वजह से वे खुद सच्चाई से इतना दूर भटक गए हैं कि अब उन्हें कोई रास्ता नहीं मिलता। वे न तो हिदायत की तरफ कोई राह पा सकते हैं और न ही तुम्हारी सच्चाई और अमानतदारी पर कोई आरोप लगाने का कोई ज़रिया उनके पास बचा है। उनकी हर कोशिश नाकाम है, और उनके पास कोई दलील या सबूत नहीं है जिससे वे अपनी बात को साबित कर सकें।
दावती पहलू:
यह आयत हमें सिखाती है कि सच्चाई पर चलने वालों को हमेशा मुख़ालिफ़ों की तरफ से तानों और बेतुके इल्ज़ामों का सामना करना पड़ता है। लेकिन अल्लाह तआला अपने नबी को तसल्ली देते हैं कि ये सब बातें उनकी अपनी गुमराही की निशानी हैं, न कि तुम्हारी सच्चाई में कोई कमी। जब सच्चाई इतनी रौशन हो, तो झूठ अपनी ही टांगों पर खड़ा नहीं रह सकता। इसलिए ऐ ईमान वालों! जब तुम पर भी बेबुनियाद इल्ज़ाम लगाए जाएं, तो घबराना नहीं, बल्कि अल्लाह पर भरोसा रखो और अपने अमल से सच्चाई साबित करते रहो। याद रखो, हिदायत की राह उन्हीं को मिलती है जो सच्चाई के भूखे हों, और जो लोग झूठ और बहानों में उलझे रहते हैं, वे कभी मंज़िल तक नहीं पहुंच सकते।
📜 आयत 7-11 — अल-फुरकान
अनुवाद — अल-फुरकान 9
सूरा अल-फुरकान आयत 9 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : (ऐ रसूल) ज़रा देखो तो कि इन लोगों ने तुम्हारे…सूरा आयत 9/77 — अल-फुरकान الفرقان (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अल-फुरकान सुनें, अल-फुरकान अनुवाद, अल-फुरकान mp3, अल-फुरकान pdf. आयत 7–11. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
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