अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- آمَنُوا: ईमान लाए, अल्लाह और उसके रसूल को सच्चे दिल से माना।
- الصَّالِحَاتِ: अच्छे और नेक काम, जो अल्लाह को पसंद हों और शरीयत के अनुसार हों।
- جَنَّاتٌ: बाग़, जन्नत के बाग़।
- تَجْرِي مِن تَحْتِهَا الْأَنْهَارُ: जिनके नीचे नहरें बहती हैं।
- الْفَوْزُ الْكَبِيرُ: बड़ी कामयाबी, सबसे बड़ी सफलता।
तफसीर (व्याख्या):
अल्लाह तआला इस आयत में अपने ईमानवाले बंदों को खुशखबरी दे रहा है। जिन लोगों ने अल्लाह पर ईमान लाया और अपने ईमान को सिर्फ ज़ुबान तक सीमित नहीं रखा, बल्कि उसे अपने अमल से साबित किया—यानी नेक काम किए, अच्छे आचरण अपनाए, अल्लाह के हुक्मों पर चले और उसकी मनाही से बचे—उनके लिए जन्नत के बाग़ हैं। ऐसे बाग़ जिनके महलों और दरख्तों के नीचे नहरें बहती हैं। यह वह जगह है जहाँ हर तरह की खुशी, सुकून और आराम होगा, जहाँ कोई दुख, थकान या चिंता नहीं होगी।
यही असली कामयाबी है—वह कामयाबी जो दुनिया की किसी भी कामयाबी से बड़ी है। दुनिया की दौलत, शोहरत, ताकत—ये सब चीज़ें फानी (नाशवान) हैं और इनमें कोई असली सुकून नहीं। लेकिन जन्नत की कामयाबी वह है जो हमेशा रहेगी, कभी खत्म नहीं होगी। अल्लाह ने इसे "फ़ौज़ुल-कबीर" (बड़ी कामयाबी) कहा, क्योंकि इसके आगे दुनिया की हर चीज़ छोटी और बेहद कमज़ोर है।
प्यारे भाइयों और बहनों! यह आयत हमें बताती है कि अल्लाह का रास्ता बिल्कुल साफ़ है—ईमान और अमल-ए-सालिह। अगर हम सच्चे दिल से अल्लाह पर ईमान लाएँ और अपने कामों को उसकी पसंद के मुताबिक बनाएँ, तो हमारे लिए वह जगह तैयार है जिसकी कोई उपमा नहीं। यह अल्लाह का वादा है, और अल्लाह का वादा कभी नहीं टूटता। तो आइए, हम अपनी ज़िंदगी को इसी दिशा में लगाएँ—ईमान को मज़बूत करें और नेक कामों में जुट जाएँ, ताकि हम भी उस बड़ी कामयाबी को पा सकें। यही हमारी असली कामयाबी है, और इसी के लिए हमें दुनिया में भेजा गया है।
📜 आयत 9-13 — अल-बुरूज
अनुवाद — अल-बुरूज 11
सूरा अल-बुरूज आयत 11 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : बेशक जो लोग ईमान लाए और अच्छे काम करते रहे…सूरा आयत 11/22 — अल-बुरूज البروج (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अल-बुरूज सुनें, अल-बुरूज अनुवाद, अल-बुरूज mp3, अल-बुरूज pdf. आयत 9–13. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
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