अल-मोमिनुन · 11/118
अनुवाद उच्चारण — सूरा अल-मोमिनुन
الَّذِينَ يَرِثُونَ الْفِرْدَوْسَ هُمْ فِيهَا خَالِدُونَ ۝١١
Allazeena yarisoonal Firdawsa hum feehaa khaalidoon
📖 हिंदी अर्थ
जो बेहश्त बरी का हिस्सा लेंगे (और) यही लोग इसमें हमेशा (जिन्दा) रहेंगे

M Mishary Rashid Alafasy ✓
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अनुवाद — Tafsir

शब्दों के अर्थ:

  • يَرِثُونَ (यारिसून): विरासत में पाना, उत्तराधिकारी बनना।
  • الْفِرْدَوْسَ (अल-फ़िरदौस): जन्नत का सबसे ऊँचा और सबसे उत्तम स्थान, जन्नत का मध्य भाग।
  • خَالِدُونَ (ख़ालिदून): हमेशा रहने वाले, कभी न मरने वाले।

तफ़सीर (व्याख्या):

यह आयत उन मोमिनों की विशेषता बयान कर रही है जो सच्चे ईमान और नेक अमल के साथ जीवन जीते हैं। अल्लाह तआला फ़रमाता है कि ये लोग “फ़िरदौस” के वारिस होंगे—यानी जन्नत का वह आला-मक़ाम और सबसे उत्तम दर्जा जो हर नेक बंदे की आरज़ू होती है।

“विरासत में पाना” का ज़िक्र इसलिए किया गया कि यह एहसास दिलाया जाए कि यह नेमत उन्हें बिना किसी मेहनत और अमल के नहीं मिलेगी, बल्कि यह उनके ईमान, सब्र, नमाज़, ज़कात और अच्छे आचरण का फल है—जैसे कोई वारिस किसी अमीर की जायदाद का हक़दार बनता है।

फिर अल्लाह फ़रमाता है: “वे उसमें हमेशा रहने वाले हैं”—यानी उन्हें वहाँ से कभी निकाला नहीं जाएगा, न उनकी मौत आएगी, न उनका सुख-चैन ख़त्म होगा। उनका निवास हमेशा के लिए होगा, और उनकी खुशियाँ कभी कम न होंगी।

यह आयत हमें बताती है कि अल्लाह के करीबी बंदों के लिए इंतज़ार में एक ऐसा ठिकाना है जो हर दर्द, हर ग़म और हर कमी से पाक है। यही वह कामयाबी है जिसके लिए हमें दुनिया में अल्लाह की इबादत करनी चाहिए और उसके दिखाए रास्ते पर चलना चाहिए।

प्यारे भाइयो और बहनो! याद रखिए, जन्नत का सबसे ऊँचा मक़ाम “फ़िरदौस” उन्हीं को मिलेगा जो अपने ईमान को अमल से जोड़ेंगे, अपनी नमाज़ों को पाबंदी से पढ़ेंगे, और अपने रब की राह में भलाई के काम करेंगे। यह वादा अल्लाह का सच्चा वादा है, और अल्लाह कभी अपना वादा नहीं तोड़ता। आइए, हम सब मिलकर इस मंज़िल की तरफ़ कदम बढ़ाएँ और अपने रब से फ़िरदौस की दुआ करें—क्योंकि यही सबसे बड़ी कामयाबी है।



📜 आयत 9-13 — सूरा अल-मोमिनुन

9وَالَّذِينَ هُمْ عَلَىٰ صَلَوَاتِهِمْ يُحَافِظُونَ
और जो अपनी नमाज़ों की पाबन्दी करते हैं
10أُولَٰئِكَ هُمُ الْوَارِثُونَ
(आदमी की औलाद में) यही लोग सच्चे वारिस है
11الَّذِينَ يَرِثُونَ الْفِرْدَوْسَ هُمْ فِيهَا خَالِدُونَ
जो बेहश्त बरी का हिस्सा लेंगे (और) यही लोग इसमें हमेशा (जिन्दा) रहेंगे
12وَلَقَدْ خَلَقْنَا الْإِنسَانَ مِن سُلَالَةٍ مِّن طِينٍ
और हमने आदमी को गीली मिट्टी के जौहर से पैदा किया
13ثُمَّ جَعَلْنَاهُ نُطْفَةً فِي قَرَارٍ مَّكِينٍ
फिर हमने उसको एक महफूज़ जगह (औरत के रहम में) नुत्फ़ा बना कर रखा
अल-मोमिनुनकुरान सूची
118आयत
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11आयत

अनुवाद — अल-मोमिनुन 11

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Friday, October 2, 2026

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