Mishary Rashid Alafasy
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Mahmoud Khalil Al-Husary
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Abdurrahman As-Sudais
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Mohamed Siddiq Al-Minshawi
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Abdul Basit Abdul Samad
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Ali Al-Hudhaify
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Ahmed ibn Ali al-Ajamy
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Abu Bakr Ash-Shaatree
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Muhammad Ayyoub
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Abdullah Basfar
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Abdullah Al-Juhani
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Maher Al Muaiqly
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अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- يُضَاعَفْ – दोगुना किया जाएगा, बढ़ाया जाएगा
- الْعَذَابُ – यातना, अज़ाब
- يَخْلُدْ – हमेशा रहेगा, स्थायी रूप से रहेगा
- مُهَانًا – अपमानित, ज़लील, बेइज़्ज़त
तफ़सीर (व्याख्या):
यह आयत उन लोगों के अंजाम को बयान करती है जो अल्लाह के साथ शिर्क करते हैं, नाहक़ किसी की जान लेते हैं, या ज़िना (व्यभिचार) जैसे घोर पापों में मुब्तिला होते हैं। ऐसे लोगों के लिए क़ियामत के दिन अज़ाब को दोगुना कर दिया जाएगा, और वे उस यातना में हमेशा के लिए रहेंगे, ऐसी हालत में कि वे बेहद ज़लील और अपमानित होंगे। उनकी इज़्ज़त छीन ली जाएगी, कोई उनकी मदद नहीं करेगा, और वे अपनी सज़ा से कभी छुटकारा नहीं पा सकेंगे। यह अल्लाह का सख्त अज़ाब है, जो उन लोगों के लिए है जो अपनी सरकशी और नाफ़रमानी पर अड़े रहे।
लेकिन इसी सूरह में अल्लाह तआला ने रहमत का दरवाज़ा भी खुला रखा है। अगर कोई इंसान इन बड़े गुनाहों से तौबा कर ले, सच्चे दिल से अल्लाह की ओर लौट आए, ईमान लाए और नेक अमल करे, तो अल्लाह उसकी बुराइयों को नेकियों में बदल देगा। अल्लाह बड़ा माफ़ करने वाला और रहम करने वाला है। वह अपने बंदों से मुहब्बत करता है और चाहता है कि वे अपनी गलतियों से तौबा करके उसकी रहमत के साये में आ जाएँ।
यह आयत हमें दो बातें सिखाती है: पहली, अल्लाह के गुनाहों से बचना चाहिए, क्योंकि उसका अज़ाब बहुत सख्त है। दूसरी, अगर कोई गुनाह हो जाए तो निराश नहीं होना चाहिए, बल्कि तौबा करके अल्लाह की ओर लौटना चाहिए, क्योंकि अल्लाह की रहमत उसके गज़ब से कहीं ज़्यादा वसी' है। इसलिए हमें अपनी ज़िंदगी में अल्लाह के हुक्मों की पैरवी करनी चाहिए, उसकी नाफ़रमानी से बचना चाहिए, और हर हाल में उसकी रहमत से उम्मीद रखनी चाहिए। यही कामयाबी की राह है, और यही वह रास्ता है जो हमें जन्नत की तरफ ले जाता है।
📜 आयत 67-71 — सूरा अल-फुरकान
अनुवाद — अल-फुरकान 69
सूरा अल-फुरकान आयत 69 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : कि क़यामत के दिन उसके लिए अज़ाब दूना कर दिया…सूरा आयत 69/77 — सूरा अल-फुरकान الفرقان (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा अल-फुरकान सुनें, सूरा अल-फुरकान अनुवाद, सूरा अल-फुरकान mp3, सूरा अल-फुरकान pdf. आयत 67–71. हिंदी अर्थ: اردو.
सूरा अल-फुरकान
पवित्र क़ुरआन
Thursday, October 1, 2026
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