अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- وَلَيَعْلَمَنَّ اللَّهُ: अल्लाह अवश्य जान लेगा (यानी उसका ज्ञान प्रकट हो जाएगा)।
- الَّذِينَ آمَنُوا: जो लोग ईमान लाए (सच्चे दिल से विश्वास किया)।
- الْمُنَافِقِينَ: मुनाफ़िक़ीन (वे लोग जो ज़बान से ईमान का दावा करते हैं, लेकिन दिल में कुफ़्र छिपाए होते हैं)।
तफ़सीर (व्याख्या):
इस आयत में अल्लाह तआला ने स्पष्ट कर दिया है कि वह हर उस व्यक्ति को जानता है जो सच्चे दिल से उस पर और उसके रसूल (ﷺ) पर ईमान लाया है, और अपने अमल से उस ईमान को साबित किया है। साथ ही, वह उन मुनाफ़िक़ों को भी भली-भाँति जानता है जो बाहर से मुसलमान बनते हैं, लेकिन अंदर से कुफ़्र और नफ़रत रखते हैं। अल्लाह का यह "जानना" केवल उसके इल्म का मामला नहीं है, बल्कि यहाँ मतलब यह है कि वह उनके हालात को लोगों के सामने प्रकट करेगा और हर एक को उसके असलियत के अनुसार अलग करेगा।
यह आयत मुसलमानों को संदेश देती है कि ईमान का दावा करना ही काफ़ी नहीं है, बल्कि इम्तिहान (परीक्षा) के वक़्त सच्चे ईमान और मुनाफ़िक़ी का फ़र्क़ सामने आ जाता है। जो लोग मुसीबत और बला के समय अपने ईमान पर साबित क़दम रहते हैं, वही सच्चे मोमिन हैं। और जो लोग परीक्षा के समय इस्लाम से मुँह मोड़ लेते हैं या अपने कुफ़्र को छिपाकर मुसलमानों के साथ मिल जाते हैं, वही मुनाफ़िक़ हैं। अल्लाह तआला ने यह बात इसलिए बताई ताकि मुसलमानों का दिल मज़बूत हो और वे जान लें कि अल्लाह हर चीज़ से बाख़बर है, और उसका इन्साफ़ कभी ग़लत नहीं होता।
दावती पहलू:
यह आयत हमें सिखाती है कि हमें अपने ईमान को सिर्फ़ ज़बान तक सीमित नहीं रखना चाहिए, बल्कि उसे अपने अमल, अपने रिश्तों और अपनी ज़िंदगी के हर पहलू में ज़ाहिर करना चाहिए। अल्लाह तआला हमारी नीयतों को खूब जानता है, और वह हर उस व्यक्ति को प्यार करता है जो सच्चे दिल से उसकी राह पर चलता है। यह हमारे लिए एक खुशख़बरी है कि अगर हम ईमान पर साबित रहेंगे, तो अल्लाह हमें दुनिया और आख़िरत में कामयाबी देगा। और जो लोग मुनाफ़िक़ी की राह अपनाते हैं, उनके लिए अल्लाह के पास सख्त अज़ाब है। इसलिए हमें हमेशा सच्चाई और ईमान की राह पर चलना चाहिए, क्योंकि अल्लाह की नज़र में सब कुछ साफ़ है, और वह हर अच्छे और बुरे को अलग करके रहेगा।
📜 आयत 9-13 — अल-अंकबूत
अनुवाद — अल-अंकबूत 11
सूरा अल-अंकबूत आयत 11 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : और जिन लोगों ने ईमान क़ुबूल किया ख़ुदा उनको यक़ीनन…सूरा आयत 11/69 — अल-अंकबूत العنكبوت (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अल-अंकबूत सुनें, अल-अंकबूत अनुवाद, अल-अंकबूत mp3, अल-अंकबूत pdf. आयत 9–13. हिंदी अर्थ: اردو.
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Tuesday, August 18, 2026
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