अल-मुरसलात · 13/50
अनुवाद उच्चारण — अल-मुरसलात
لِيَوْمِ الْفَصْلِ ۝١٣
Li yawmil Fasl
📖 हिंदी अर्थ
फ़ैसले के दिन के लिए
📜

अनुवाद — Tafsir

शब्दार्थ:

  • لِيَوْمِ الْفَصْلِ: उस दिन के लिए जो सृष्टि के बीच न्याय और फ़ैसले का दिन है, जिसमें सत्य और असत्य, नेक और बदकार सब अलग कर दिए जाएँगे।

तफ़सीर:

जब आसमान फट जाएगा, सितारों की रोशनी बुझ जाएगी, पहाड़ उड़कर धूल बन जाएँगे, और रसूलों (अलैहिमुस्सलाम) के लिए एक निश्चित समय निर्धारित किया जाएगा — तो कहा जाएगा: "यह सब किस दिन के लिए टाला गया?" तो उत्तर होगा: उस दिन के लिए जो फ़ैसले का दिन है, यानी क़यामत का वह दिन जब अल्लाह तआला अपने बंदों के बीच पूरे न्याय के साथ फ़ैसला करेगा। उस दिन हर अच्छे और बुरे काम को तोला जाएगा, हक़ बातिल से अलग होगा, नेक लोग जन्नत की तरफ़ और बुरे लोग जहन्नम की तरफ़ भेजे जाएँगे। यह वह दिन है जिसकी हर मख़लूक़ को ज़रूरत है, क्योंकि इसी दिन ज़ालिम से मज़लूम का हक़ लिया जाएगा और हर इंसान को उसके अमल का पूरा बदला मिलेगा।

और आप (ऐ इंसान!) क्या जानते हो कि वह फ़ैसले का दिन कितना भयानक और सख़्त होगा? उस दिन की हौलनाकी का अंदाज़ा लगाना मुश्किल है। उस दिन उन लोगों के लिए बड़ी तबाही और विनाश है जिन्होंने इस दिन को झुठलाया और उस पर ईमान नहीं लाए।

दावती पहलू:

यह आयत हमें बताती है कि यह दुनिया आख़िरी मंज़िल नहीं है, बल्कि एक इम्तिहान की जगह है। जो लोग अल्लाह के हुक्मों पर चलते हैं और रसूलों (अलैहिमुस्सलाम) की शिक्षाओं को अपनाते हैं, उनके लिए उस दिन कामयाबी और खुशी है। यह दिन हमें याद दिलाता है कि हम अपनी ज़िंदगी को ग़ौर से देखें — क्या हम ऐसे काम कर रहे हैं जो उस दिन हमारे लिए रोशनी बनेंगे, या ऐसे काम जो हमें शर्मिंदा कर देंगे? अल्लाह तआला ने यह दिन इसलिए मुक़र्रर किया है ताकि इंसाफ़ पूरा हो और हर अच्छाई को उसका अज्र मिले। यह अल्लाह की रहमत का सबूत है कि उसने हमें मौक़ा दिया है कि हम तौबा करें, नेक काम करें और उस दिन के लिए तैयारी करें। आओ, हम अपने रब की इबादत करें, उसके रसूल (ﷺ) की सुन्नत पर चलें, और उस दिन की मुश्किलों से बचने की कोशिश करें — क्योंकि जो लोग उस दिन पर ईमान रखते हैं और अच्छे काम करते हैं, उनके लिए अल्लाह ने जन्नत और खुशी तैयार की है।

🎧 सुनें

📜 आयत 11-15 — अल-मुरसलात

11وَإِذَا الرُّسُلُ أُقِّتَتْ
और जब पैग़म्बर लोग एक मुअय्यन वक्त पर जमा किए जाएँगे
12لِأَيِّ يَوْمٍ أُجِّلَتْ
(फिर) भला इन (बातों) में किस दिन के लिए ताख़ीर की गयी है
13لِيَوْمِ الْفَصْلِ
फ़ैसले के दिन के लिए
14وَمَا أَدْرَاكَ مَا يَوْمُ الْفَصْلِ
और तुमको क्या मालूम की फ़ैसले का दिन क्या है
15وَيْلٌ يَوْمَئِذٍ لِّلْمُكَذِّبِينَ
उस दिन झुठलाने वालों की मिट्टी ख़राब है
अल-मुरसलातकुरान सूची
50आयत
मक्कीRevelation
13आयत

अनुवाद — अल-मुरसलात 13

सूरा अल-मुरसलात आयत 13 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : फ़ैसले के दिन के लिए

सूरा आयत 13/50 — अल-मुरसलात المرسلات (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अल-मुरसलात सुनें, अल-मुरसलात अनुवाद, अल-मुरसलात mp3, अल-मुरसलात pdf. आयत 11–15. हिंदी अर्थ: اردو.




पवित्र क़ुरआन


Tuesday, August 18, 2026

अपनी नेक दुआओं में हमें मत भूलिए