Mishary Rashid Alafasy
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Mahmoud Khalil Al-Husary
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Abdurrahman As-Sudais
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Mohamed Siddiq Al-Minshawi
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Abdul Basit Abdul Samad
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Ali Al-Hudhaify
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Ahmed ibn Ali al-Ajamy
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Abu Bakr Ash-Shaatree
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Muhammad Ayyoub
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Abdullah Basfar
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Abdullah Al-Juhani
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Maher Al Muaiqly
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अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- اتَّقُوا: अल्लाह का भय रखते हुए उसके आदेशों का पालन करना और उसकी मनाही से बचना।
- وَاخْشَوْا: डरो, भयभीत होना।
- لَا يَجْزِي: कोई बदला नहीं दे सकेगा, किसी की ओर से कुछ भी क्षतिपूर्ति नहीं कर सकेगा।
- الْغَرُور: धोखा देने वाला, विशेष रूप से शैतान जो झूठी आशाएँ दिलाता है।
तफ़सीर (व्याख्या):
ऐ लोगों! अपने रब का भय रखो और उस दिन से डरो जिस दिन कोई बाप अपने बेटे के काम न आ सकेगा, और न कोई बेटा अपने बाप के किसी काम आ सकेगा। उस दिन हर व्यक्ति अपने ही कर्मों में व्यस्त होगा, और किसी को किसी की मदद का अवसर नहीं मिलेगा। यह एक ऐसा दिन है जब रिश्तेदारी, दोस्ती और सांसारिक संबंधों का कोई मोल नहीं होगा। हर इंसान अपने किए गए अच्छे या बुरे कर्मों का अकेले सामना करेगा।
अल्लाह का वादा पूर्ण रूप से सत्य है, इसमें कोई संदेह नहीं। क़यामत का दिन अवश्य आएगा, और हर व्यक्ति को उसके कर्मों का पूरा बदला मिलेगा। यह कोई कल्पना या मिथक नहीं, बल्कि एक अटल सत्य है जिसे अल्लाह ने अपनी किताब में स्पष्ट कर दिया है।
इसलिए सावधान हो जाओ! यह सांसारिक जीवन अपनी चमक-दमक, सुख-सुविधाओं और अस्थायी आनंद से तुम्हें धोखे में न डाल दे। यह दुनिया अपने खिलौनों और मोह-माया के जाल से तुम्हें अल्लाह की याद से गाफिल न कर दे। और न ही वह धोखेबाज़ (शैतान) तुम्हें अल्लाह के बारे में धोखा दे — यानी वह तुम्हें यह न समझाए कि अल्लाह बड़ा क्षमाशील है, तुम जो चाहो करो, अल्लाह तो माफ कर देगा। यह शैतान की सबसे बड़ी चाल है कि वह इंसान को पाप करने पर उकसाता है और उसे अल्लाह की क्षमा का झूठा भरोसा दिलाता है।
याद रखो, अल्लाह की क्षमा उनके लिए है जो सच्चे दिल से तौबा करें, अपने गुनाहों से बाज़ आएं और अच्छे कर्म करें। लेकिन जो व्यक्ति जानबूझकर पाप करता रहे और यह सोचे कि अल्लाह तो माफ कर देगा, यह शैतानी धोखे में पड़ना है। अल्लाह न्यायपूर्ण है, और उसका वादा सत्य है — अच्छाई का बदला अच्छाई और बुराई का बदला बुराई से मिलेगा।
इसलिए आज ही अपने जीवन को सुधार लो, अल्लाह के आदेशों का पालन करो, उसकी मनाही से बचो, और उस दिन के लिए तैयारी करो जब कोई किसी की मदद नहीं कर सकेगा। यही सच्ची सफलता का मार्ग है, और यही वह रास्ता है जो हमें अल्लाह की रहमत और जन्नत तक पहुँचाता है। अल्लाह हम सभी को सीधे मार्ग पर चलने की तौफ़ीक़ दे। आमीन।
📜 आयत 31-34 — सूरा लुकमान
अनुवाद — लुकमान 33
सूरा लुकमान आयत 33 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : लोगों अपने परवरदिगार से डरो और उस दिन का ख़ौफ…सूरा आयत 33/34 — सूरा लुकमान لقمان (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा लुकमान सुनें, सूरा लुकमान अनुवाद, सूरा लुकमान mp3, सूरा लुकमान pdf. आयत 31–34. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Thursday, October 1, 2026
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