अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- لَا يُؤْتُونَ الزَّكَاةَ: जो ज़कात नहीं देते। इसका एक अर्थ यह भी है कि जो लोग "ला इलाहा इल्लल्लाह" का कलमा नहीं कहते, यानी अपने आपको शिर्क से पाक नहीं करते।
- بِالْآخِرَةِ: आख़िरत (प्रलोक) पर।
- كَافِرُونَ: कुफ़्र करने वाले, न मानने वाले।
संपूर्ण व्याख्या:
अल्लाह तआला इस आयत में उन लोगों का हाल बयान कर रहा है जो अपने रब की इबादत से मुँह मोड़ते हैं और उसकी नेमतों का शुक्र अदा नहीं करते। ये वे लोग हैं जो ज़कात अदा नहीं करते—या तो वे अपने माल की ज़कात नहीं देते, या फिर इसका गहरा अर्थ यह है कि वे अपने नफ़्स को शिर्क से पाक नहीं करते, यानी तौहीद के ज़रिए अपने दिलों को गंदगी से साफ़ नहीं करते। वे न अल्लाह की इबादत के लिए झुकते हैं, न अपने भाई-बहनों के हक़ अदा करते हैं। उनके अंदर न ख़ालिक़ (रचयिता) के प्रति इख़लास है, न मख़लूक़ (सृष्टि) के प्रति नेकी और भलाई।
और सबसे बड़ी बात यह कि वे आख़िरत को नहीं मानते। उन्हें न जन्नत का यक़ीन है, न जहन्नम का डर। वे इस बात पर ईमान नहीं रखते कि एक दिन उन्हें मरने के बाद जीवित होकर अपने अमलों का हिसाब देना है। यही उनका कुफ़्र है—आख़िरत का इनकार ही उनके सारे आमाल को बर्बाद कर देता है।
दावती पहलू:
प्यारे भाइयों और बहनों! यह आयत हमें एक अहम सबक़ सिखाती है। जो व्यक्ति ज़कात नहीं देता, उसका दिल दुनिया की मुहब्बत में डूबा होता है, और जो आख़िरत पर ईमान नहीं रखता, उसकी ज़िंदगी का कोई मक़सद नहीं बचता। इसके विपरीत, जो मोमिन है, वह अपने माल को अल्लाह की राह में ख़र्च करता है, अपने नफ़्स को शिर्क और बुराइयों से पाक रखता है, और आख़िरत के दिन पर पक्का यक़ीन रखते हुए नेक अमल करता है। यही वह रास्ता है जो हमें जन्नत तक पहुँचाता है।
आओ, हम अपने दिलों को तौहीद की रोशनी से रोशन करें, अपने मालों में अल्लाह का हक़ (ज़कात) अदा करें, और आख़िरत के उस दिन की तैयारी करें जब कोई माल और औलाद काम न आएगी, सिवाय उसके जो साफ़ दिल के साथ अल्लाह के पास आएगा। याद रखिए, ज़कात सिर्फ़ एक इबादत नहीं, बल्कि हमारे दिल की पवित्रता और समाज की भलाई का ज़रिया है। अल्लाह हमें अमल की तौफ़ीक़ दे। आमीन।
📜 आयत 5-9 — फुस्सिलत
अनुवाद — फुस्सिलत 7
सूरा फुस्सिलत आयत 7 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : जो ज़कात नहीं देते और आखेरत के भी क़ायल नहींसूरा आयत 7/54 — फुस्सिलत فصلت (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: फुस्सिलत सुनें, फुस्सिलत अनुवाद, फुस्सिलत mp3, फुस्सिलत pdf. आयत 5–9. हिंदी अर्थ: اردو.
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Tuesday, August 18, 2026
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