अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- يُحَادُّونَ: अल्लाह और उसके रसूल की विरोधता करना, उनके आदेशों का उल्लंघन करना, और उनके खिलाफ़ मोर्चा खोलना।
- كُبِتُوا: अपमानित किए गए, ज़लील किए गए, और उन पर प्रभुत्व जमा दिया गया।
- آيَاتٍ بَيِّنَاتٍ: स्पष्ट और प्रमाणित आयतें जो सत्य को प्रकट करती हैं।
- عَذَابٌ مُهِينٌ: अपमानजनक यातना जो उन्हें ज़िल्लत और रुसवाई में डाल देगी।
तफ़सीर (व्याख्या):
यह आयत उन लोगों के बारे में बताती है जो अल्लाह और उसके रसूल (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) की विरोधता करते हैं, उनके आदेशों को नहीं मानते, और उनके खिलाफ़ साज़िशें रचते हैं। ऐसे लोगों को अल्लाह ने अपमानित और ज़लील किया है, ठीक उसी तरह जैसे उनसे पहले की उम्मतों के लोगों को किया गया था, जिन्होंने अल्लाह और उसके रसूलों की विरोधता की थी। यह एक ऐतिहासिक सच्चाई है कि जिन लोगों ने भी अल्लाह के दीन का मुक़ाबला किया, वे अंततः नाकाम और रुसवा हुए।
अल्लाह ने अपने रसूल (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) पर स्पष्ट आयतें उतारी हैं जो सत्य को प्रमाणित करती हैं और हिदायत का रास्ता दिखाती हैं। ये आयतें क़ुरआन की आयतें हैं, जो अपनी वाज़ाहत और दलीलों में कोई संदेह नहीं छोड़तीं। इन आयतों को झुठलाने वालों और कुफ़्र पर अड़े रहने वालों के लिए अल्लाह ने अपमानजनक यातना तैयार की है, जो उन्हें आख़िरत में ज़िल्लत और रुसवाई में डाल देगी।
यह आयत मुसलमानों के लिए एक बड़ी नसीहत है कि वे अल्लाह और उसके रसूल (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) की आज्ञा का पालन करें, उनकी विरोधता से बचें, और जान लें कि अल्लाह की मदद सच्चे ईमानवालों के साथ है। जो लोग अल्लाह के दीन का साथ देते हैं, अल्लाह उन्हें इज़्ज़त देता है, और जो उसका मुक़ाबला करते हैं, उन्हें ज़िल्लत का सामना करना पड़ता है। यह अल्लाह का क़ानून है जो कभी नहीं बदलता।
इस आयत में हमारे लिए एक प्यारा पैग़ाम है: अल्लाह और उसके रसूल (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) की मुहब्बत और इताअत ही कामयाबी का रास्ता है। जो लोग इस रास्ते पर चलते हैं, वे दुनिया और आख़िरत दोनों में सरबुलंद होते हैं। आइए, हम अपनी ज़िंदगी को अल्लाह की रज़ा के मुताबिक़ ढालें, और उसके रसूल (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) की सुन्नत को अपनाएँ, ताकि हम भी उन लोगों में शामिल हों जिन्हें अल्लाह ने इज़्ज़त दी है और जिन पर उसकी रहमत नाज़िल होती है।
📜 आयत 3-7 — अल-मुजादिला
अनुवाद — अल-मुजादिला 5
सूरा अल-मुजादिला आयत 5 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : बेशक जो लोग ख़ुदा की और उसके रसूल की मुख़ालेफ़त…सूरा आयत 5/22 — अल-मुजादिला المجادلة (मदनी). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अल-मुजादिला सुनें, अल-मुजादिला अनुवाद, अल-मुजादिला mp3, अल-मुजादिला pdf. आयत 3–7. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
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