अल-मुज्जम्मिल · 3/20
अनुवाद उच्चारण — अल-मुज्जम्मिल
نِّصْفَهُ أَوِ انقُصْ مِنْهُ قَلِيلًا ۝٣
Nisfahooo awinqus minhu qaleelaa
📖 हिंदी अर्थ
थोड़ी रात या आधी रात या इससे भी कुछ कम कर दो या उससे कुछ बढ़ा दो
📜

अनुवाद — Tafsir

शब्दों के अर्थ:

  • निज़्फ़हु (निस्फ़हु): उसका आधा (रात का आधा हिस्सा)।
  • अविन्क़ुस् (अविन्क़ुस): कम करो, घटाओ।
  • क़लीला: थोड़ा सा।

तफ़सीर (व्याख्या):

अल्लाह तआला ने अपने नबी ﷺ को रात की नमाज़ (तहज्जुद) का हुक्म दिया और उसकी मिक़दार भी बयान कर दी। फ़रमाया: रात के आधे हिस्से में क़ियाम करो, या उस आधे से थोड़ा कम कर दो (यानी एक तिहाई तक ले आओ)। यानी रात की नमाज़ के लिए कोई सख़्त पाबंदी नहीं है, बल्कि अल्लाह ने आसानी रखी है — चाहे आधी रात पढ़ो, चाहे उससे थोड़ी कम, चाहे उससे थोड़ी ज़्यादा। यह हुक्म शुरुआती दौर में फ़र्ज़ था, फिर बाद में अल्लाह ने अपने फज़ल से इसे नरम कर दिया और नफ़्ल कर दिया।

इस आयत से हमें यह सबक मिलता है कि अल्लाह अपने बंदों पर बहुत मेहरबान है — वह इबादत का हुक्म देता है, लेकिन साथ ही आसानी भी रखता है। रात की नमाज़ दिल की सफ़ाई, गुनाहों की माफ़ी और अल्लाह से क़रीबी का ज़रिया है। जो बंदा रात को उठकर अल्लाह के सामने खड़ा होता है, उसके लिए अल्लाह के पास बड़े इनाम हैं। यह वक़्त बहुत बरकत वाला होता है — दुआएँ क़ुबूल होती हैं, दिल को सुकून मिलता है और ईमान की मिठास महसूस होती है।

हमें कोशिश करनी चाहिए कि कम से कम थोड़ी सी रात उठकर नमाज़ पढ़ें, कुरआन पढ़ें और अल्लाह से दुआ करें। अल्लाह किसी पर बोझ नहीं डालता — वह हमारी कमज़ोरी जानता है, इसलिए उसने आसानी रखी है। लेकिन जो लोग रात की नमाज़ की आदत डाल लेते हैं, उनकी ज़िंदगी में बरकत आती है और उनका दिल अल्लाह की याद से रौशन हो जाता है।

🎧 सुनें

📜 आयत 1-5 — अल-मुज्जम्मिल

1يَا أَيُّهَا الْمُزَّمِّلُ
ऐ (मेरे) चादर लपेटे रसूल
2قُمِ اللَّيْلَ إِلَّا قَلِيلًا
रात को (नमाज़ के वास्ते) खड़े रहो मगर (पूरी रात नहीं)
3نِّصْفَهُ أَوِ انقُصْ مِنْهُ قَلِيلًا
थोड़ी रात या आधी रात या इससे भी कुछ कम कर दो या उससे कुछ बढ़ा दो
4أَوْ زِدْ عَلَيْهِ وَرَتِّلِ الْقُرْآنَ تَرْتِيلًا
और क़ुरान को बाक़ायदा ठहर ठहर कर पढ़ा करो
5إِنَّا سَنُلْقِي عَلَيْكَ قَوْلًا ثَقِيلًا
हम अनक़रीब तुम पर एक भारी हुक्म नाज़िल करेंगे इसमें शक़ नहीं कि रात को उठना
अल-मुज्जम्मिलकुरान सूची
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3आयत

अनुवाद — अल-मुज्जम्मिल 3

सूरा अल-मुज्जम्मिल आयत 3 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : थोड़ी रात या आधी रात या इससे भी कुछ कम…

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Tuesday, August 18, 2026

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