अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- مَّرْفُوعَةٍ: ऊँची, महान, उच्च स्थान वाली, जिसका दर्जा बुलंद हो।
- مُّطَهَّرَةٍ: पवित्र, शुद्ध, हर प्रकार की गंदगी, कमी और मिलावट से पाक।
तफ़सीर (व्याख्या):
यह आयत उन पवित्र पन्नों (सुहुफ़) का वर्णन कर रही है जिनमें क़ुरआन करीम दर्ज है। ये पन्ने अल्लाह के नज़दीक अत्यंत ऊँचे दर्जे वाले हैं — उनकी अज़मत और बुलंदी का अंदाज़ा इसी से लगाइए कि वे अर्श से जुड़े हुए हैं और उनका मक़ाम हर मख़लूक़ से बरतर है। ये पन्ने हर प्रकार की नापाकी, कमी, ज़्यादती और घटती से पाक हैं — न उनमें कोई मिलावट है, न कोई तहरीफ़, न कोई कमी। वे हर उस चीज़ से मुकद्दस हैं जो उनकी शान के खिलाफ़ हो।
ये सुहुफ़ उन फ़रिश्तों के हाथों में हैं जो अल्लाह के बेहद करीबी और मुकर्रब बंदे हैं। ये फ़रिश्ते कातिब हैं — वे अल्लाह के हुक्म से इसे लिखते और महफ़ूज़ रखते हैं। वे सिफ़ारिशी (सफ़रा) हैं जो अल्लाह और उसके रसूलों के बीच पैग़ाम पहुँचाते हैं। उनके अख़लाक़ और आमाल बेहद पाक और नेक हैं, और वे ख़ुद भी पाक और मुक़द्दस हैं।
इस आयत से हमें यह सबक़ मिलता है कि क़ुरआन कितनी बुलंद किताब है — यह कोई आम किताब नहीं, बल्कि अल्लाह का वह कलाम है जो हर कमी और मिलावट से पाक है। जिस तरह ये पन्ने पाक हैं, उसी तरह हमें भी चाहिए कि क़ुरआन को पढ़ते और छूते वक़्त पाकी का ख़याल रखें, और उस पर अमल करके अपनी ज़िंदगी को भी पाक बनाएँ। यह वह किताब है जो हमें अंधेरों से निकालकर रोशनी की तरफ़ ले जाती है — जो कोई इसे थाम ले, वह कभी गुमराह नहीं हो सकता। अल्लाह ने इस किताब को इतनी ऊँचाई और पाकी दी है ताकि हम समझ लें कि यह हिदायत का आख़िरी और मुकम्मल ज़रिया है — इसे अपनाइए, इस पर अमल कीजिए, और इसके ज़रिए अपनी आख़िरत की कामयाबी हासिल कीजिए।
📜 आयत 12-16 — अबस
अनुवाद — अबस 14
सूरा अबस आयत 14 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : बुलन्द मरतबा और पाक हैंसूरा आयत 14/42 — अबस عبس (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अबस सुनें, अबस अनुवाद, अबस mp3, अबस pdf. आयत 12–16. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Wednesday, August 19, 2026
अपनी नेक दुआओं में हमें मत भूलिए








