अल-ग़ाशिया · 10/26
अनुवाद उच्चारण — सूरा अल-ग़ाशिया
فِي جَنَّةٍ عَالِيَةٍ ۝١٠
Fee jannatin `aaliyah
📖 हिंदी अर्थ
एक आलीशान बाग़ में

M Mishary Rashid Alafasy ✓
M Mahmoud Khalil Al-Husary ✓
A Abdurrahman As-Sudais ✓
M Mohamed Siddiq Al-Minshawi ✓
A Abdul Basit Abdul Samad ✓
A Ali Al-Hudhaify ✓
A Ahmed ibn Ali al-Ajamy ✓
A Abu Bakr Ash-Shaatree ✓
M Muhammad Ayyoub ✓
A Abdullah Basfar ✓
A Abdullah Al-Juhani ✓
M Maher Al Muaiqly ✓
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अनुवाद — Tafsir

शब्दार्थ:

  • जन्नत – बाग़, जन्नत
  • आलिया – ऊँची, बुलंद, उच्च स्थान वाली

तफ़सीर:

यह आयत उन मोमिनों के चेहरों की ख़ुशी और ताज़गी का ज़िक्र करती है जिन्होंने दुनिया में अल्लाह की इबादत की और उसकी राह में नेक अमल किए। जब वे क़यामत के दिन उठेंगे, तो उनके चेहरे पर इत्मीनान, ख़ुशी और नेमत के आसार साफ़ दिखाई देंगे। वे उस जन्नत में दाख़िल होंगे जो बहुत ऊँची है — न केवल अपनी जगह के लिहाज़ से, बल्कि अपने दर्जे, शान और बुलंदी के लिहाज़ से भी। वह जन्नत ऐसी है जिसकी ऊँचाई, ख़ूबसूरती और आरामगाहें किसी आँख ने नहीं देखीं, किसी कान ने नहीं सुनीं और किसी दिल ने नहीं सोची।

यह वही जन्नत है जिसमें न कोई बेकार बात होती है, न कोई गुनाह का ज़िक्र, न थकान और न बोझ। वहाँ हर तरफ़ सुकून है, हर तरफ़ राहत है। उसमें बहने वाले चश्मे हैं, ऊँचे तख़्त हैं, सजे हुए बिस्तर हैं, और एक के बाद एक लगे हुए गद्दे और बिछी हुई नर्म-ओ-नाज़ुक फ़र्श हैं। हर चीज़ वहाँ मेहमानों के लिए तैयार रखी गई है।

इस आयत से हमें यह सबक़ मिलता है कि दुनिया की मेहनत और मशक़्कत, अगर अल्लाह की राह में हो, तो वह कभी ज़ाया नहीं होती। अल्लाह ने अपने नेक बंदों के लिए ऐसा इनाम तैयार किया है जो हमारी समझ से बाहर है। यह हमारे लिए सबसे बड़ी ख़ुशख़बरी है कि हमारा रब अपने बंदों से मुहब्बत करता है और उनकी छोटी-छोटी नेकियों को भी बड़ा इनाम देता है। आओ, हम अपनी ज़िंदगी को अल्लाह की राह में लगाएँ, ताकि उस दिन हम भी उन ख़ुशनसीबों में शामिल हों जिनके चेहरे पर नेमत की चमक होगी और जो उस बुलंद जन्नत में दाख़िल होंगे।



📜 आयत 8-12 — सूरा अल-ग़ाशिया

8وُجُوهٌ يَوْمَئِذٍ نَّاعِمَةٌ
(और) बहुत से चेहरे उस दिन तरो ताज़ा होंगे
9لِّسَعْيِهَا رَاضِيَةٌ
अपनी कोशिश (के नतीजे) पर शादमान
10فِي جَنَّةٍ عَالِيَةٍ
एक आलीशान बाग़ में
11لَّا تَسْمَعُ فِيهَا لَاغِيَةً
वहाँ कोई लग़ो बात सुनेंगे ही नहीं
12فِيهَا عَيْنٌ جَارِيَةٌ
उसमें चश्में जारी होंगें
अल-ग़ाशियाकुरान सूची
26आयत
मक्कीअवतरण स्थान
10आयत

अनुवाद — अल-ग़ाशिया 10

सूरा अल-ग़ाशिया आयत 10 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : एक आलीशान बाग़ में

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Friday, October 2, 2026

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