अनुवाद — Tafsir
शब्दार्थ:
- يَنطِقُ عَلَيْكُم بِالْحَقِّ – अर्थात यह किताब तुम्हारे विरुद्ध सत्य बोलेगी, तुम्हारे सभी कर्मों की गवाही देगी।
- نَسْتَنسِخُ – अर्थात हम लिखवाते थे, अर्थात हमारे आदेश से फ़रिश्ते तुम्हारे कर्मों को लिखते थे।
तफ़सीर:
यह वह दृश्य है जब अल्लाह तआला अपने बंदों के सामने उनका पूरा रिकॉर्ड पेश करेगा। फ़रमाता है: "यह है हमारी किताब, जो तुम्हारे विरुद्ध सत्य के साथ बोलती है।" यह वह दिवान (रजिस्टर) है जिसमें अल्लाह के भेजे हुए फ़रिश्तों ने तुम्हारे हर अच्छे और बुरे कर्म को लिखा था। यह किताब न तो कोई छोटा कर्म छोड़ती है और न ही कोई बड़ा, बल्कि हर एक चीज़ को उसके पूरे विवरण के साथ दर्ज करती है। यह किताब तुम्हारे विरुद्ध साक्षी बनेगी, और यह साक्षी इतनी स्पष्ट और पुख्ता होगी कि कोई इनकार नहीं कर सकेगा।
अल्लाह तआला फ़रमाता है: "हम ही थे जो फ़रिश्तों से लिखवाते थे जो कुछ तुम करते थे।" यानी हमने तुम्हारे कर्मों को लिखने का प्रबंध किया था, ताकि क़ियामत के दिन तुम्हारे ऊपर कोई ज़ुल्म न हो और हर इंसान को उसके कर्मों का पूरा-पूरा बदला मिले। यह अल्लाह की बेइंतिहा रहमत और अद्ल का प्रमाण है कि उसने हर छोटी-बड़ी बात को दर्ज करवा दिया।
दावती पहलू:
यह आयत हमें बताती है कि अल्लाह तआला की निगरानी हमारे हर कर्म पर है। हमारे हर अच्छे कर्म का हिसाब होगा और हर बुरे कर्म का भी। यह हमारे लिए एक बड़ी नसीहत है कि हम अपनी ज़िंदगी को सँवारें, अच्छे कर्म करें और बुराई से बचें। जब हमें यह यक़ीन हो जाए कि हमारा हर कर्म लिखा जा रहा है, तो हमारा दिल अल्लाह की इबादत की ओर झुकेगा और हम उसके हुक्मों पर चलने की कोशिश करेंगे। यह आयत हमें यह भी बताती है कि अल्लाह का इंसाफ़ बिल्कुल कामिल है — कोई अच्छा कर्म ज़ाया नहीं होगा और कोई बुरा कर्म बिना सज़ा के नहीं रहेगा। इसलिए हमें चाहिए कि हम अपनी ज़िंदगी को अल्लाह की रज़ा के अनुसार बनाएँ, ताकि उस दिन हमारी किताब हमारे दाहिने हाथ में दी जाए और हम जन्नत की नेअमतों से नवाज़े जाएँ।
📜 आयत 27-31 — अल-जासिया
अनुवाद — अल-जासिया 29
सूरा अल-जासिया आयत 29 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : ये हमारी किताब (जिसमें आमाल लिखे हैं) तुम्हारे मुक़ाबले में…सूरा आयत 29/37 — अल-जासिया الجاثية (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अल-जासिया सुनें, अल-जासिया अनुवाद, अल-जासिया mp3, अल-जासिया pdf. आयत 27–31. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
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