अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- رُجَّتْ: ज़ोर से हिलाई गई, कंपायी गई।
- رَجًّا: बहुत तेज़ और लगातार झटके देना, ज़बरदस्त हिलाना।
तफ़सीर (व्याख्या):
जब ज़मीन को बुरी तरह हिलाया जाएगा—ऐसा हिलाना कि उसके पहाड़ टुकड़े-टुकड़े हो जाएँ, चट्टानें रेत बन जाएँ, और फिर वह धूल हवा में उड़ती हुई फैल जाए—तो वह दिन होगा क़यामत का। यह वह हिलना है जिसकी कोई मिसाल नहीं, न कोई इंसान इसे रोक सकेगा और न कोई ताक़त इसके सामने टिक सकेगी।
यह आयत हमें बताती है कि यह दुनिया हमेशा नहीं रहेगी। यह ज़मीन, जिस पर हम इतना भरोसा करते हैं और जिसे हम अपना स्थायी ठिकाना समझते हैं, एक दिन ऐसी हिलाई जाएगी कि उसकी हर चीज़ तहस-नहस हो जाएगी। यह हिलना अल्लाह तआला के हुक्म से होगा, और उस दिन हर इंसान को अपने कर्मों का हिसाब देना होगा।
इस आयत से हमें सबक लेना चाहिए कि हम इस दुनिया की चमक-दमक में इतने मग्न न हों कि उस दिन को भूल जाएँ। जो लोग अल्लाह की इबादत करते हैं और नेक काम करते हैं, उनके लिए उस दिन खुशखबरी है, और जो ग़ाफ़िल हैं, उनके लिए पछतावे का सामान होगा। अल्लाह हमें उस दिन की तैयारी करने की तौफ़ीक़ दे। आमीन।
📜 आयत 2-6 — अल-वाकिया
अनुवाद — अल-वाकिया 4
सूरा अल-वाकिया आयत 4 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : जब ज़मीन बड़े ज़ोरों में हिलने लगेगीसूरा आयत 4/96 — अल-वाकिया الواقعة (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अल-वाकिया सुनें, अल-वाकिया अनुवाद, अल-वाकिया mp3, अल-वाकिया pdf. आयत 2–6. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
अपनी नेक दुआओं में हमें मत भूलिए








