अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- ग़नीमत (غنمتم): युद्ध में शत्रु से प्राप्त धन-संपत्ति, हथियार आदि।
- हलाल (حلال): जिसे अल्लाह ने अपने बंदों के लिए जायज़ किया हो।
- तय्यिब (طيب): पाक-साफ़, अच्छा और बुराई से दूर।
- अत्तक़वा (اتقوا): अल्लाह के आदेशों का पालन करना और उसकी मनाही से बचना।
तफ़सीर (व्याख्या):
अल्लाह तआला अपने मोमिन बंदों को संबोधित करते हुए फ़रमाता है कि जो कुछ तुमने युद्ध में शत्रु से प्राप्त किया है—चाहे वह माल हो, हथियार हो या कैदियों से ली गई फ़िदया (छुड़ौती) हो—उसमें से खाओ। यह तुम्हारे लिए हलाल और पाक है। इस आयत का नाज़िल होना उस घटना के संदर्भ में है जब बद्र के युद्ध में कुछ सहाबा ने कैदियों से फ़िदया लेने में जल्दबाज़ी की, और अल्लाह ने उन्हें नरमी से समझाया कि यह तुम्हारे लिए जायज़ है।
इस हुक्म में अल्लाह तआला ने अपने बंदों पर अपनी रहमत और आसानी का पहलू दिखाया है। वह चाहता है कि उसके बंदे उसकी नेमतों का आनंद लें, लेकिन साथ ही उसकी सीमाओं का ध्यान रखें। इसलिए अल्लाह फ़रमाता है: "और अल्लाह से डरो"—यानी उसके हुक्मों की पाबंदी करो, उसकी नाफ़रमानी से बचो, और अपने दिलों को उसकी याद से जोड़े रखो।
फिर अल्लाह अपनी दो खूबसूरत सिफ़ात (गुण) बयान करता है: "ग़फ़ूर" (बहुत क्षमा करने वाला) और "रहीम" (बहुत दयालु)। यह बंदों के लिए बड़ी खुशखबरी है—अगर तुमसे कोई ग़लती हो जाए, तो अल्लाह तआला तौबा करने पर उसे माफ़ कर देता है। वह अपने बंदों पर रहम करने वाला है, उन्हें सज़ा देने में जल्दबाज़ी नहीं करता।
यह आयत हमें सिखाती है कि इस्लाम में कमाई और खान-पान का तरीक़ा पाक और हलाल होना चाहिए। अल्लाह ने जो दिया है, उसमें बरकत है, और जो उसकी मनाही से बचता है, उसके लिए अल्लाह की पनाह और रहमत है। इसलिए हर मोमिन को चाहिए कि वह हलाल रिज़्क़ कमाए, अल्लाह की नेमतों का शुक्र अदा करे, और उसके हुक्मों पर चलने की कोशिश करे। यही वह रास्ता है जो दुनिया में सुकून और आख़िरत में कामयाबी देता है।
📜 आयत 67-71 — अल-अनफाल
अनुवाद — अल-अनफाल 69
सूरा अल-अनफाल आयत 69 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : उसकी सज़ा में तुम पर बड़ा अज़ाब नाज़िल होकर रहता…सूरा आयत 69/75 — अल-अनफाल الأنفال (मदनी). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अल-अनफाल सुनें, अल-अनफाल अनुवाद, अल-अनफाल mp3, अल-अनफाल pdf. आयत 67–71. हिंदी अर्थ: اردو.
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Tuesday, August 18, 2026
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