Mishary Rashid Alafasy
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Mahmoud Khalil Al-Husary
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Abdurrahman As-Sudais
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Mohamed Siddiq Al-Minshawi
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Abdul Basit Abdul Samad
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Ali Al-Hudhaify
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Ahmed ibn Ali al-Ajamy
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Abu Bakr Ash-Shaatree
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Muhammad Ayyoub
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Abdullah Basfar
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Abdullah Al-Juhani
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Maher Al Muaiqly
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अनुवाद — Tafsir
शब्दार्थ:
- تَرْهَقُهَا: उस पर छा जाएगी, ढक लेगी।
- قَتَرَةٌ: कालापन, अंधकार, धूल और धुएँ के साथ घटा हुआ अंधेरा।
तफ़सीर:
इस आयत में अल्लाह तआला क़यामत के दिन काफ़िरों और गुनाहगारों के चेहरों की हालत बयान कर रहे हैं। उस दिन उनके चेहरों पर ज़िल्लत और रुसवाई की कालिख पड़ी होगी, और उन पर धूल और धुएँ जैसा काला अंधकार छा जाएगा। यह अंधकार उनके चेहरों को ढक लेगा, जैसे कोई घना बादल या धुएँ का गुबार उन पर छा जाए। यह उनके कुफ़्र, नाफ़रमानी और अल्लाह की आयतों को झुठलाने का नतीजा होगा।
यह वह लोग हैं जिन्होंने दुनिया में अल्लाह की नेमतों का इनकार किया, उसकी आयतों को झुठलाया और अपनी सरकशी और गुनाहों में हद से गुज़र गए। जब वे आज अपने किए पर पछताएँगे, तो उनके चेहरों पर यह ज़िल्लत और अंधकार साफ़ दिखाई देगा।
दावती पहलू:
यह आयत हमें अल्लाह के दीन की तरफ़ लौटने की तरग़ीब देती है। जो लोग आज अल्लाह की नेमतों को भूलकर गुनाहों में डूबे हैं, उन्हें सोचना चाहिए कि उस दिन उनका चेहरा कितना ज़लील और सियाह होगा। लेकिन अल्लाह तआला बड़ा मेहरबान है—उसने तौबा का दरवाज़ा खुला रखा है। जो कोई आज अपने गुनाहों से तौबा करके अल्लाह की तरफ़ रुजू करेगा, अल्लाह उसके गुनाह माफ़ कर देगा और उसके चेहरे को रोशन कर देगा। क़यामत के दिन मोमिनों के चेहरे नूरानी और खुश होंगे, जबकि काफ़िरों के चेहरे सियाह और ज़लील। यह फ़र्क़ आज के अमल से तय होगा। इसलिए हमें चाहिए कि हम अपनी ज़िंदगी को अल्लाह की रज़ा के मुताबिक़ बनाएँ, ताकि उस दिन हमारे चेहरे रोशन और खुशहाल हों।
📜 आयत 39-42 — सूरा अबस
अनुवाद — अबस 41
सूरा अबस आयत 41 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : उस पर सियाही छाई हुई होगीसूरा आयत 41/42 — सूरा अबस عبس (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा अबस सुनें, सूरा अबस अनुवाद, सूरा अबस mp3, सूरा अबस pdf. आयत 39–42. हिंदी अर्थ: اردو.
सूरा अबस
पवित्र क़ुरआन
Monday, September 28, 2026
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