अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- قُتِلَ: यहाँ इसका अर्थ है 'वह ध्वस्त हो', 'उस पर लानत हो' या 'वह हलाक हो'। यह दुआ (बद्दुआ) के रूप में है, न कि वास्तविक मृत्यु के अर्थ में।
- قَدَّرَ: उसने (बुरी योजना) बनाई, उसने सोच-समझकर (झूठा आरोप) तैयार किया।
विस्तृत तफसीर:
इस आयत में अल्लाह तआला उस व्यक्ति (वलीद बिन मुग़ीरा) के बारे में बता रहा है जिसने पैग़म्बर मुहम्मद ﷺ और क़ुरआन के खिलाफ़ झूठे आरोप लगाने की योजना बनाई थी। अल्लाह फ़रमाता है: "फिर वह ध्वस्त हो, उसने कैसी (बुरी) योजना बनाई!"
यह आयत उस व्यक्ति के लिए लानत और विनाश की दुआ है जिसने अपनी सोच-समझ से क़ुरआन को जादू और इंसानों का कलाम कहने की कोशिश की। अल्लाह ने उसकी योजना को नाकाम कर दिया और उस पर अपनी यातना का एलान किया।
इस आयत में "ثُمَّ" (फिर) का प्रयोग इसलिए किया गया है क्योंकि पिछली आयत में भी यही बात कही गई थी, और यहाँ दोहराकर अल्लाह उसकी बुराई पर ज़ोर देना चाहता है। यह एक मुबालग़ा (अतिशयोक्ति) है जो दर्शाती है कि उसका कृत्य कितना घृणित था।
यह आयत हमें सिखाती है कि अल्लाह की किताब और उसके रसूल के खिलाफ़ साज़िश करने वालों का अंजाम बुरा होता है। अल्लाह उनकी चालों को जानता है और उन्हें नाकाम करता है। एक मुसलमान को चाहिए कि वह क़ुरआन को सच्चे दिल से माने और उस पर अमल करे, क्योंकि यही सच्ची हिदायत है।
आज भी जो लोग क़ुरआन के खिलाफ़ शुबहात (संदेह) पैदा करने की कोशिश करते हैं, उनके लिए इस आयत में चेतावनी है। अल्लाह का कलाम हमेशा सच्चा और स्पष्ट है, और उसके दुश्मनों की साज़िशें हमेशा नाकाम रहेंगी। हमें चाहिए कि हम क़ुरआन को पढ़ें, समझें और उस पर अमल करें, ताकि हम दुनिया और आख़िरत में कामयाब हों।
📜 आयत 18-22 — अल-मुद्दस्सिर
अनुवाद — अल-मुद्दस्सिर 20
सूरा अल-मुद्दस्सिर आयत 20 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : उसने क्यों कर तजवीज़ कीसूरा आयत 20/56 — अल-मुद्दस्सिर المدثر (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अल-मुद्दस्सिर सुनें, अल-मुद्दस्सिर अनुवाद, अल-मुद्दस्सिर mp3, अल-मुद्दस्सिर pdf. आयत 18–22. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
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