अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- أَفْضَىٰ بَعْضُكُمْ إِلَىٰ بَعْضٍ: एक-दूसरे से संबंध स्थापित करना, अर्थात वैवाहिक संबंध और अंतरंगता।
- مِيثَاقًا غَلِيظًا: पक्का और मज़बूत अहद व पैमान (वचन)।
तफसीर (व्याख्या):
अल्लाह तआला इस आयत में पतियों को संबोधित करते हुए फरमाता है कि जब तुम अपनी पत्नियों को तलाक़ दे दो, तो उन्हें दिया गया मह्र (दहेज) वापस लेना तुम्हारे लिए किस तरह जायज़ हो सकता है? हालाँकि तुम में से हर एक दूसरे के साथ घुल-मिल चुका है, और उन्होंने तुमसे एक पक्का और मज़बूत अहद लिया है।
यह वही पवित्र वचन है जो निकाह के समय अल्लाह के नाम पर लिया जाता है — कि या तो पत्नी को अच्छे तरीके से रखो या भलाई के साथ रिहा करो। इस वचन में पति-पत्नी के बीच मोहब्बत, रहमत, और एक-दूसरे के राज़ जानने का रिश्ता शामिल है।
जब इतनी गहरी और पवित्र बंदिशें हों, तो उसके बाद मह्र वापस लेना कितनी बड़ी बेइंसाफ़ी और शर्मनाक बात है! यह अल्लाह की नज़र में बहुत बुरा काम है, और इससे बचना चाहिए।
दावती पहलू:
यह आयत हमें सिखाती है कि इस्लाम में शादी का रिश्ता सिर्फ़ एक क़ानूनी मुआमला नहीं, बल्कि एक पवित्र अहद है — जिसमें मोहब्बत, इज़्ज़त और एक-दूसरे के हुक़ूक़ का ख़याल रखना ज़रूरी है। अल्लाह ने औरतों को इज़्ज़त दी है और उनके हुक़ूक़ की हिफ़ाज़त का हुक्म दिया है। जो शख्स इस अहद को तोड़ता है या औरतों के हुक़ूक़ में कमी करता है, वह अल्लाह की नाराज़गी का सामना करेगा।
इसलिए हमें चाहिए कि हम अपने घरों में मोहब्बत और रहमत का माहौल बनाएँ, औरतों के साथ इंसाफ़ और भलाई से पेश आएँ, और उनके दिलों को ठेस पहुँचाने वाले कामों से बचें। यही अल्लाह की रज़ा का ज़रिया है और यही हमारे समाज को सुखी और खुशहाल बनाता है।
📜 आयत 19-23 — अन-निसा
अनुवाद — अन-निसा 21
सूरा अन-निसा आयत 21 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : और क्या तुम उसको (वापस लोगे हालॉकि तुममें से) एक…सूरा आयत 21/176 — अन-निसा النساء (मदनी). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अन-निसा सुनें, अन-निसा अनुवाद, अन-निसा mp3, अन-निसा pdf. आयत 19–23. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
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