Mishary Rashid Alafasy
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Mahmoud Khalil Al-Husary
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Abdurrahman As-Sudais
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Mohamed Siddiq Al-Minshawi
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Abdul Basit Abdul Samad
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Ali Al-Hudhaify
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Ahmed ibn Ali al-Ajamy
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Abu Bakr Ash-Shaatree
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Muhammad Ayyoub
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Abdullah Basfar
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Abdullah Al-Juhani
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Maher Al Muaiqly
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अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- الحواريون (हवारियून): हज़रत ईसा अलैहिस्सलाम के विशेष सहायक और अनुयायी, जो उन पर सबसे पहले ईमान लाए थे।
- माइदा (مَائِدَة): वह थाली या दस्तरख़्वान जिस पर खाना रखा गया हो, यहाँ आसमान से उतरने वाले खाने के दस्तरख़्वान का ज़िक्र है।
- يَسْتَطِيعُ (यस्ततीउ): सामर्थ्य रखना, कर सकना। यहाँ इसका अर्थ है कि क्या आपका रब इस पर क़ादिर है।
तफ़सीर (व्याख्या):
अल्लाह तआला अपने नबी हज़रत मुहम्मद ﷺ को संबोधित करते हुए उस समय की याद दिलाता है जब हवारियों ने हज़रत ईसा अलैहिस्सलाम से कहा: "ऐ ईसा इब्ने मरियम! क्या आपका रब यह कर सकता है कि हम पर आसमान से खाने का दस्तरख़्वान उतार दे?" यह सवाल उन्होंने इसलिए किया था कि वे अपने दिलों के तसल्ली और अल्लाह की क़ुदरत का प्रत्यक्ष प्रमाण देखना चाहते थे। हज़रत ईसा ने उन्हें नरमी से समझाते हुए कहा: "अल्लाह से डरो और ऐसी माँगों से बचो जिनमें तुम्हारे लिए फ़ितना (परीक्षा) का ख़तरा हो। अगर तुम सच्चे ईमानवाले हो तो अल्लाह की क़ुदरत पर भरोसा रखो और उसी से रिज़्क़ की उम्मीद रखो, क्योंकि वह हर चीज़ पर क़ादिर है।" यह जवाब उन्हें उनके सवाल की बेजा होने की तरफ़ इशारा करता है, क्योंकि ईमान का तक़ाज़ा यह है कि इंसान अल्लाह की क़ुदरत पर पूरा यक़ीन रखे और बेवजह निशानियों की माँग न करे।
फ़ायदे (लाभ और सीख):
- अल्लाह की क़ुदरत पर पूरा भरोसा रखना चाहिए, बिना किसी प्रत्यक्ष चमत्कार की माँग किए, क्योंकि सच्चा ईमान ग़ैब पर ईमान लाने का नाम है।
- नबियों का अदब यह है कि उनसे ऐसे सवाल न किए जाएँ जिनमें शक या बेअदबी का पहलू हो, बल्कि उनकी बात को बिना किसी शर्त के क़बूल किया जाए।
- मुसलमान को चाहिए कि वह अपनी ज़रूरतों के लिए अल्लाह से दुआ करे, लेकिन दुआ में भी अदब और अच्छे अल्फ़ाज़ का ख़याल रखे, और ऐसी चीज़ों की माँग न करे जो फ़ितने का सबब बन सकती हैं।
- यह आयत हज़रत ईसा अलैहिस्सलाम की उम्मत के लिए एक नसीहत है कि दीन में ग़ुलू (अतिशयोक्ति) न करें और अल्लाह की रहमत पर भरोसा रखते हुए सीधे रास्ते पर चलें।
📜 आयत 110-114 — सूरा अल-माइदा
अनुवाद — अल-माइदा 112
सूरा अल-माइदा आयत 112 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : (वह वक्त याद करो) जब हवारियों ने ईसा से अर्ज़…सूरा आयत 112/120 — सूरा अल-माइदा المائدة (मदनी). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा अल-माइदा सुनें, सूरा अल-माइदा अनुवाद, सूरा अल-माइदा mp3, सूरा अल-माइदा pdf. आयत 110–114. हिंदी अर्थ: اردو.
सूरा अल-माइदा
पवित्र क़ुरआन
Thursday, October 1, 2026
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