अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- أَقِمْ وَجْهَكَ: अपने चेहरे को सीधा रखो, अर्थात अपने आप को पूरी तरह से सीधा करो और एकाग्र करो।
- لِلدِّينِ: धर्म के लिए, यानी इस्लाम के लिए।
- حَنِيفًا: एकेश्वरवादी होकर, सभी झूठे धर्मों से हटकर सत्य धर्म की ओर झुका हुआ।
- الْمُشْرِكِينَ: वे लोग जो अल्लाह के साथ किसी और को पूजते या साझीदार बनाते हैं।
तफसीर (व्याख्या):
अल्लाह तआला ने अपने पैगंबर मुहम्मद ﷺ को आदेश दिया कि वे अपने चेहरे को पूरी तरह से इस्लाम के धर्म की ओर सीधा रखें, यानी अपने पूरे अस्तित्व को, अपने इरादों को, अपने कर्मों को और अपनी इबादत को केवल अल्लाह के लिए समर्पित कर दें। "हनीफ" होने का अर्थ है कि सभी झूठे धर्मों, रीति-रिवाजों और अंधविश्वासों से मुंह मोड़कर पूरी तरह से एक अल्लाह की ओर झुक जाना। यह आदेश केवल पैगंबर ﷺ के लिए नहीं था, बल्कि उनकी पूरी उम्मत के लिए है कि हर मुसलमान अपने जीवन को इस्लाह के अनुसार ढाले और किसी भी प्रकार के शिर्क (अल्लाह के साथ साझीदार बनाने) से बचे। साथ ही अल्लाह ने स्पष्ट चेतावनी दी कि मुशरिकों में शामिल न हों, क्योंकि शिर्क सबसे बड़ा पाप है और यह इंसान को अल्लाह की रहमत से वंचित कर देता है। यह आदेश उन सभी लोगों के लिए एक स्पष्ट मार्गदर्शन है जो सच्ची सफलता और मुक्ति चाहते हैं।
फायदे और सबक:
- इस आयत से हमें यह सीख मिलती है कि इस्लाम में पूर्ण समर्पण और एकाग्रता आवश्यक है। आधे-अधूरे ढंग से धर्म पर चलना काफी नहीं है, बल्कि पूरे दिल और जान से अल्लाह की ओर झुकना चाहिए।
- यह आयत हमें शिर्क से बचने की सख्त ताकीद करती है। शिर्क न केवल मूर्तिपूजा है, बल्कि इसमें रिया (दिखावा), अल्लाह के अलावा किसी और से डरना या उम्मीद रखना, और किसी और के कानून को अल्लाह के कानून से ऊपर मानना भी शामिल है।
- यह आयत मुसलमानों को यह भी सिखाती है कि उन्हें अपने धर्म पर दृढ़ रहना चाहिए, चाहे समाज और आसपास के लोग किसी भी धर्म या विचारधारा पर हों। सच्चाई पर अडिग रहना ही सच्ची कामयाबी है।
- इस आयत से यह भी पता चलता है कि अल्लाह का दीन (इस्लाम) एक ऐसा सीधा रास्ता है जो इंसान को हर प्रकार की गुमराही, अंधविश्वास और झूठी पूजा-पद्धतियों से आज़ाद करता है। यही वह रास्ता है जो इंसान को दुनिया और आखिरत दोनों में सुख और शांति देता है।
📜 आयत 103-107 — सूरा यूनुस
अनुवाद — यूनुस 105
सूरा यूनुस आयत 105 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : और (मुझे) ये भी (हुक्म है) कि (बातिल) से कतरा…सूरा आयत 105/109 — सूरा यूनुस يونس (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा यूनुस सुनें, सूरा यूनुस अनुवाद, सूरा यूनुस mp3, सूरा यूनुस pdf. आयत 103–107. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Monday, September 7, 2026
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