अनुवाद — Tafsir
शब्दार्थ:
- الْوُحُوشُ: जंगली जानवर (जो इंसानों से दूर जंगलों में रहते हैं, जैसे शेर, चीता, हिरण आदि)।
- حُشِرَتْ: एकत्रित की गईं, जमा की गईं।
तफ़सीर (व्याख्या):
जब क़ियामत का दिन आएगा और सूरज की रोशनी खत्म हो जाएगी, तारे बिखर जाएंगे, पहाड़ उखड़कर रेत की तरह बिखर जाएंगे, और ऊँटनियाँ जो अरबों की सबसे कीमती संपत्ति थीं, वे भी बेकार छोड़ दी जाएंगी — उसी समय जंगली जानवरों को भी एकत्रित किया जाएगा। ये सारे जानवर, जो जीवन भर एक-दूसरे का शिकार करते रहे, एक ही मैदान में इकट्ठे कर दिए जाएँगे। अल्लाह तआला उनके बीच न्याय करेगा — जिस जानवर ने किसी दूसरे जानवर पर ज़ुल्म किया होगा, उससे उसका बदला लिया जाएगा। फिर जब यह न्याय पूरा हो जाएगा, तो उनसे कहा जाएगा: "मिट्टी हो जाओ!" और वे सब मिट्टी बन जाएँगे।
यह दृश्य हमें सिखाता है कि अल्लाह का न्याय इतना परिपूर्ण है कि वह छोटे से छोटे जीव के हक़ की भी रक्षा करेगा। जब जंगली जानवरों के बीच का हिसाब होगा, तो इंसानों का हिसाब कितना बड़ा और गंभीर होगा! इसलिए हमें चाहिए कि हम अपनी ज़िंदगी में किसी पर ज़ुल्म न करें, चाहे वह इंसान हो या जानवर। याद रखें, अल्लाह की रहमत और न्याय दोनों असीम हैं — जो नेकी करेगा उसे इसका बदला मिलेगा, और जो ज़ुल्म करेगा उसे इसकी सज़ा भुगतनी पड़ेगी। यह हमारे लिए एक बड़ी नसीहत है कि हम अपने आचरण को सुधारें और अल्लाह के सामने जवाबदेही के लिए तैयार रहें।
📜 आयत 3-7 — अत-तकवीर
अनुवाद — अत-तकवीर 5
सूरा अत-तकवीर आयत 5 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : और जिस वक्त वहशी जानवर इकट्ठा किये जायेंगेसूरा आयत 5/29 — अत-तकवीर التكوير (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अत-तकवीर सुनें, अत-तकवीर अनुवाद, अत-तकवीर mp3, अत-तकवीर pdf. आयत 3–7. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
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