Mishary Rashid Alafasy
✓
Mahmoud Khalil Al-Husary
✓
Abdurrahman As-Sudais
✓
Mohamed Siddiq Al-Minshawi
✓
Abdul Basit Abdul Samad
✓
Ali Al-Hudhaify
✓
Ahmed ibn Ali al-Ajamy
✓
Abu Bakr Ash-Shaatree
✓
Muhammad Ayyoub
✓
Abdullah Basfar
✓
Abdullah Al-Juhani
✓
Maher Al Muaiqly
✓
अनुवाद — Tafsir
शब्दार्थ:
- رَبِّ – हे मेरे पालनहार!
- إِمَّا – यदि (शर्त के लिए)
- تُرِيَنِّي – तू मुझे दिखाए
- مَا يُوعَدُونَ – जिस चीज़ का उनसे वादा किया गया है (अर्थात अज़ाब और सज़ा)
व्याख्या:
हे नबी! आप कहिए: "ऐ मेरे रब! अगर तू मुझे वह अज़ाब दिखा दे जिसका इन काफिरों से वादा किया गया है, तो मुझे उस अज़ाब से महफूज़ रखना।"
यह आयत नबी करीम ﷺ को सिखाई गई दुआ है, जिसमें अल्लाह तआला अपने नबी को यह तालीम दे रहा है कि जब आप काफिरों की सरकशी और उनके अत्याचार देखें, तो यह दुआ करें। इसका मतलब यह है कि अगर अल्लाह की ओर से उन पर अज़ाब आए, तो नबी ﷺ को उस अज़ाब से बचाया जाए, और उन्हें उन ज़ालिमों के साथ न मिलाया जाए।
इस आयत में एक बड़ी हिकमत यह है कि अल्लाह तआला अपने नबी को सिखा रहा है कि वह अपनी उम्मत के लिए रहमत और नजात की दुआ करें, और यह भी सबक है कि मुसलमान को चाहिए कि वह अल्लाह से हमेशा सुरक्षा की दुआ करे, खासकर उस वक्त जब गुनाहगारों पर अल्लाह का अज़ाब नाज़िल होने वाला हो।
यह दुआ हमें यह भी सिखाती है कि हमें अल्लाह की रहमत का सहारा लेना चाहिए और उससे यह माँगना चाहिए कि वह हमें फितनों और अज़ाब से बचाए। यही वह रास्ता है जो हमें अल्लाह की मुहब्बत और उसकी रज़ा तक पहुँचाता है। जो बंदा अल्लाह से यह दुआ करता है, वह अल्लाह की पनाह में आ जाता है, और अल्लाह अपने उस बंदे को कभी निराश नहीं करता जो उसकी तरफ रुजू करता है।
📜 आयत 91-95 — सूरा अल-मोमिनुन
अनुवाद — अल-मोमिनुन 93
सूरा अल-मोमिनुन आयत 93 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : (ऐ रसूल) तुम दुआ करो कि ऐ मेरे पालने वाले…सूरा आयत 93/118 — सूरा अल-मोमिनुन المؤمنون (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा अल-मोमिनुन सुनें, सूरा अल-मोमिनुन अनुवाद, सूरा अल-मोमिनुन mp3, सूरा अल-मोमिनुन pdf. आयत 91–95. हिंदी अर्थ: اردو.
सूरा अल-मोमिनुन
पवित्र क़ुरआन
Thursday, October 1, 2026
अपनी नेक दुआओं में हमें मत भूलिए


