Mishary Rashid Alafasy
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Mahmoud Khalil Al-Husary
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Abdurrahman As-Sudais
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Mohamed Siddiq Al-Minshawi
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Abdul Basit Abdul Samad
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Ali Al-Hudhaify
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Ahmed ibn Ali al-Ajamy
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Abu Bakr Ash-Shaatree
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Muhammad Ayyoub
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Abdullah Basfar
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Abdullah Al-Juhani
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Maher Al Muaiqly
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अनुवाद — Tafsir
शब्दार्थ:
- "وَقَعَ الْقَوْلُ": अर्थात अज़ाब (यातना) का वचन पूरा होना और उसका लागू होना।
- "دَابَّةً": चलने-फिरने वाला प्राणी, यहाँ आख़िरी ज़माने में निकलने वाली एक विशेष चीज़ (दाब्बा) मुराद है।
- "تُكَلِّمُهُمْ": उनसे बात करेगी, उन्हें सम्बोधित करेगी।
- "لَا يُوقِنُونَ": यक़ीन नहीं करते थे, पूर्ण विश्वास नहीं रखते थे।
तफ़सीर (व्याख्या):
जब अल्लाह तआला का फ़ैसला और अज़ाब का वचन उन लोगों पर साबित हो जाएगा—जो अपनी सरकशी, नाफ़रमानी और हद से गुज़रने की वजह से अल्लाह की रहमत से महरूम हो चुके होंगे और ज़मीन पर सिर्फ़ बदतरीन लोग बच जाएँगे—तो उस वक़्त अल्लाह तआला अपनी क़ुदरत से ज़मीन से एक दाब्बा (चलने-फिरने वाला प्राणी) निकालेगा। यह क़यामत की बड़ी निशानियों में से एक है, जो आख़िरी ज़माने में ज़ाहिर होगी। यह दाब्बा लोगों से बात करेगी और उन्हें साफ़ अल्फ़ाज़ में बताएगी कि लोग अल्लाह की आयतों (क़ुरआन और मुहम्मद ﷺ की रिसालत) पर यक़ीन नहीं करते थे और उन्हें झुठलाते थे। यह उन लोगों के लिए एक निशानी होगी कि अब सच्चाई सामने आ चुकी है, और जो लोग पहले शक और इनकार में पड़े थे, वे अपनी ग़लती को महसूस करेंगे, मगर उस वक़्त ईमान लाना किसी काम नहीं आएगा।
दावती पहलू:
यह आयत हमें बताती है कि अल्लाह तआला की निशानियाँ और उसके फ़ैसले हक़ हैं और ज़रूर पूरे होंगे। इसलिए हमें चाहिए कि हम आज ही अपने ईमान को मज़बूत करें, अल्लाह की आयतों पर पूरा यक़ीन रखें और अपनी ज़िंदगी को उसके हुक्म के मुताबिक़ ढालें। क़यामत की निशानियों पर ईमान लाना हमारे ईमान का हिस्सा है, और यह हमें दुनिया की बेहतरी और आख़िरत की कामयाबी की तरफ़ राह दिखाता है। अल्लाह तआला ने हमें क़ुरआन और रसूल ﷺ के ज़रिए हिदायत दी है, तो हमें उस पर अमल करके अपनी किस्मत को रौशन करना चाहिए, ताकि उस दिन हम उन लोगों में से न हों जिन पर अज़ाब का वचन साबित हो जाए।
📜 आयत 80-84 — सूरा अन-नमल
अनुवाद — अन-नमल 82
सूरा अन-नमल आयत 82 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : फिर वही लोग तो मानने वाले भी हैं जब उन…सूरा आयत 82/93 — सूरा अन-नमल النمل (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा अन-नमल सुनें, सूरा अन-नमल अनुवाद, सूरा अन-नमल mp3, सूरा अन-नमल pdf. आयत 80–84. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Thursday, October 1, 2026
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