साद · 77/88
अनुवाद उच्चारण — साद
قَالَ فَاخْرُجْ مِنْهَا فَإِنَّكَ رَجِيمٌ ۝٧٧
Qaala fakhruj minhaa fainnaka rajeem
📖 हिंदी अर्थ
(कहाँ आग कहाँ मिट्टी) खुदा ने फरमाया कि तू यहाँ से निकल (दूर हो) तू यक़ीनी मरदूद है
📜

अनुवाद — Tafsir

शब्दों के अर्थ:

  • فَاخْرُجْ: निकल जा, बाहर हो जा।
  • مِنْهَا: उस (जन्नत) से।
  • رَجِيمٌ: रज्म किया हुआ, अर्थात् (रहमत से) दूर किया हुआ, लानत किया हुआ, और हर भलाई से निकाला हुआ।

तफ़सीर (व्याख्या):

जब इब्लीस ने अल्लाह के आदेश का उल्लंघन किया, आदम (अलैहिस्सलाम) को सजदा करने से इनकार किया और घमंड किया, तो अल्लाह तआला ने उससे कहा: "तू जन्नत से निकल जा।" यह उसकी बर्बादी और अपमान की घड़ी थी। अल्लाह ने उसे रज्म किया हुआ (ठुकराया हुआ, लानत किया हुआ) क़रार दिया — यानी वह अल्लाह की रहमत से कोसों दूर हो गया और उस पर हमेशा के लिए लानत और फिटकार है। यह सिर्फ़ जन्नत से निकालना नहीं था, बल्कि अल्लाह की रहमत, क़ुर्बत और हर नेकी से उसे अलग कर दिया गया। यह उसकी सज़ा थी उसके घमंड और अकड़ की, जो उसने अल्लाह के हुक्म के सामने दिखाई।

दावती पहलू (नसीहत):

यह घटना हमारे लिए एक बड़ी सबक़ है कि अल्लाह के हुक्म के आगे सर झुकाना ही इंसान की कामयाबी है। जिसने अल्लाह के हुक्म के सामने घमंड किया, उसका अंजाम यही हुआ कि वह हमेशा के लिए रहमत से महरूम हो गया। हमें चाहिए कि हम अपने अंदर से घमंड और अकड़ को निकालें, क्योंकि घमंड इंसान को जन्नत से दूर करता है। अल्लाह से दुआ करें कि वह हमें इब्लीस के रास्ते से बचाए और हमें आदम (अलैहिस्सलाम) की तरह तौबा करने और उसकी रहमत पाने की तौफ़ीक़ दे। याद रखें, अल्लाह की रहमत उनके लिए है जो उसके आगे झुकते हैं, उसकी इबादत करते हैं और उसके हुक्म को अपनी ज़िंदगी में अपनाते हैं।

🎧 सुनें

📜 आयत 75-79 — साद

75قَالَ يَا إِبْلِيسُ مَا مَنَعَكَ أَن تَسْجُدَ لِمَا خَلَقْتُ بِيَدَيَّ ۖ أَسْتَكْبَرْتَ أَمْ كُنتَ مِنَ الْعَالِينَ
ख़ुदा ने (इबलीस से) फरमाया कि ऐ इबलीस जिस चीज़ को मैंने अपनी ख़ास कुदरत से पैदा किया (भला) उसको सजदा करने से तुझे किसी ने रोका क्या तूने तक़ब्बुर किया या वाकई तू बड़े दरजे वालें में है
76قَالَ أَنَا خَيْرٌ مِّنْهُ ۖ خَلَقْتَنِي مِن نَّارٍ وَخَلَقْتَهُ مِن طِينٍ
इबलीस बोल उठा कि मैं उससे बेहतर हूँ तूने मुझे आग से पैदा किया और इसको तूने गीली मिट्टी से पैदा किया
77قَالَ فَاخْرُجْ مِنْهَا فَإِنَّكَ رَجِيمٌ
(कहाँ आग कहाँ मिट्टी) खुदा ने फरमाया कि तू यहाँ से निकल (दूर हो) तू यक़ीनी मरदूद है
78وَإِنَّ عَلَيْكَ لَعْنَتِي إِلَىٰ يَوْمِ الدِّينِ
और तुझ पर रोज़ जज़ा (क़यामत) तक मेरी फिटकार पड़ा करेगी
79قَالَ رَبِّ فَأَنظِرْنِي إِلَىٰ يَوْمِ يُبْعَثُونَ
शैतान ने अर्ज़ की परवरदिगार तू मुझे उस दिन तक की मोहलत अता कर जिसमें सब लोग (दोबारा) उठा खड़े किए जायेंगे
सादकुरान सूची
88आयत
मक्कीRevelation
77आयत

अनुवाद — साद 77

सूरा साद आयत 77 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : (कहाँ आग कहाँ मिट्टी) खुदा ने फरमाया कि तू यहाँ…

सूरा आयत 77/88 — साद ص (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: साद सुनें, साद अनुवाद, साद mp3, साद pdf. आयत 75–79. हिंदी अर्थ: اردو.




पवित्र क़ुरआन


Tuesday, August 18, 2026

अपनी नेक दुआओं में हमें मत भूलिए