अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- تَنصُرُوا الله — अल्लाह की मदद करना, यानी उसके दीन (धर्म) की मदद करना।
- يَنصُرْكُمْ — वह तुम्हारी मदद करेगा।
- يُثَبِّتْ أَقْدَامَكُمْ — वह तुम्हारे क़दमों को जमा देगा (यानी युद्ध के मैदान में तुम्हें स्थिर रखेगा)।
तफ़सीर (व्याख्या):
ऐ ईमान लाने वालों! जिन्होंने अल्लाह और उसके रसूल ﷺ को सच्चे दिल से माना और उसके आदेशों पर चलने का अहद किया। अल्लाह तआला तुम्हें एक ऐसा क़ानून सिखा रहा है जो दुनिया और आख़िरत की कामयाबी की कुंजी है। वह फ़रमाता है: "अगर तुम अल्लाह की मदद करोगे, तो वह तुम्हारी मदद करेगा और तुम्हारे क़दमों को जमा देगा।"
यहाँ "अल्लाह की मदद" का मतलब यह नहीं कि अल्लाह को तुम्हारी मदद की ज़रूरत है — वह तो बेनियाज़ है, सबसे बेनियाज़ और सबका मालिक। बल्कि इसका मतलब है: अल्लाह के दीन की मदद करना, उसके नबी ﷺ का साथ देना, उसकी किताब पर अमल करना, उसके आदेशों को मानना और उसकी मनाही से बचना। यानी जब तुम अल्लाह के दीन को फैलाने के लिए जिहाद करोगे, उसके हुक्मों को अपनी ज़िंदगी में लागू करोगे, और उसके रास्ते में अपना माल और जान खर्च करोगे — तो अल्लाह तआला तुम्हें अपनी मदद से नवाज़ेगा।
और इस मदद का नतीजा क्या होगा? अल्लाह तुम्हें तुम्हारे दुश्मनों पर ग़लबा (विजय) देगा। और जब युद्ध के मैदान में मुठभेड़ हो, जब दिल काँपते हों और क़दम डगमगाते हों — तो अल्लाह तुम्हारे क़दमों को जमा देगा, तुम्हारे दिलों को सुकून देगा, और तुम्हें साबित-क़दमी (स्थिरता) अता करेगा। यह अल्लाह का वादा है, और अल्लाह का वादा कभी नहीं टूटता।
यह आयत मुसलमानों के लिए एक शानदार बशारत (खुशखबरी) है। अल्लाह तआला ने मदद को ईमान वालों के अपने हाथ में रख दिया है — जितना तुम अल्लाह के दीन के लिए करोगे, उतना ही अल्लाह तुम्हारे लिए करेगा। यह एक ऐसा सुनहरा क़ानून है जो कभी नहीं बदलता। जो लोग अल्लाह के दीन की मदद करते हैं, अल्लाह उन्हें दुनिया में इज़्ज़त देता है और आख़िरत में जन्नत अता करता है।
तो ऐ ईमान वालों! इस वादे पर भरोसा रखो, अल्लाह के दीन की मदद में अपनी जान, माल, वक़्त और हुनर लगाओ। चाहे रास्ते में मुश्किलें आएँ, चाहे दुश्मन ताक़तवर हों — अल्लाह का वादा सच्चा है। जब तुम अल्लाह के साथ होगे, तो अल्लाह तुम्हारे साथ होगा। और जिसके साथ अल्लाह हो, उसे कौन हरा सकता है? यही कामयाबी की राह है — यही सच्ची फ़तह (विजय) है।
📜 आयत 5-9 — मुहम्मद
अनुवाद — मुहम्मद 7
सूरा मुहम्मद आयत 7 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : ऐ ईमानदारों अगर तुम ख़ुदा (के दीन) की मदद करोगे…सूरा आयत 7/38 — मुहम्मद محمد (मदनी). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: मुहम्मद सुनें, मुहम्मद अनुवाद, मुहम्मद mp3, मुहम्मद pdf. आयत 5–9. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
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