अश-शम्स · 2/15
अनुवाद उच्चारण — सूरा अश-शम्स
وَالْقَمَرِ إِذَا تَلَاهَا ۝٢
Wal qamari izaa talaa haa
📖 हिंदी अर्थ
और चाँद की जब उसके पीछे निकले

M Mishary Rashid Alafasy ✓
M Mahmoud Khalil Al-Husary ✓
A Abdurrahman As-Sudais ✓
M Mohamed Siddiq Al-Minshawi ✓
A Abdul Basit Abdul Samad ✓
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A Abu Bakr Ash-Shaatree ✓
M Muhammad Ayyoub ✓
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A Abdullah Al-Juhani ✓
M Maher Al Muaiqly ✓
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अनुवाद — Tafsir

शब्दों के अर्थ:

  • تَلاَهَا: उसका पीछा करना, उसके पीछे-पीछे चलना, और उससे प्रकाश ग्रहण करना।

तफ़सीर (व्याख्या):

इस पवित्र आयत में अल्लाह तआला ने चाँद की क़सम खाई है जब वह सूरज के पीछे-पीछे आता है। यानी जब सूरज डूबता है तो चाँद उसका अनुसरण करता हुआ प्रकट होता है, और सूरज से ही अपना नूर (प्रकाश) ग्रहण करता है। यह अल्लाह की कुदरत का अद्भुत नज़ारा है कि चाँद की रोशनी अपनी नहीं होती, बल्कि वह सूरज से ली गई होती है, और वह हमेशा उसी के पीछे-पीछे चलता है। यह क़सम इसलिए खाई गई है ताकि इंसान इन निशानियों पर ग़ौर करे और समझे कि जिस तरह चाँद सूरज का पीछा करता है और उससे रोशनी पाता है, उसी तरह इंसान को भी अपने रब की हिदायत का पीछा करना चाहिए और उससे रोशनी हासिल करनी चाहिए।

यह आयत हमें सिखाती है कि अल्लाह की बनाई हर चीज़ में एक निज़ाम और तरतीब है। चाँद और सूरज के इस ताल्लुक़ से हमें सबक़ लेना चाहिए कि हम भी अपने जीवन में अल्लाह के हुक्म की पैरवी करें, क्योंकि जो अल्लाह के पीछे चलता है, वह कभी गुमराह नहीं होता। जिस तरह चाँद सूरज की रोशनी से चमकता है, उसी तरह इंसान का दिल क़ुरआन और सुन्नत की रोशनी से रोशन होता है। यह क़सम इस बात की ताकीद है कि अल्लाह की कुदरत के ये नज़ारे उसकी वहदानियत और कमाल क़ुदरत की गवाही देते हैं।

प्यारे भाइयों और बहनों! जब हम चाँद को देखें, तो याद करें कि यह अल्लाह की निशानी है, और उसकी तारीफ़ करें। यह भी याद रखें कि जिस तरह चाँद सूरज का पीछा करता है, हमें भी अपने नबी ﷺ की सुन्नत का पीछा करना चाहिए, क्योंकि यही हमारी कामयाबी का रास्ता है। अल्लाह हमें सीधी राह पर चलने की तौफ़ीक़ दे। आमीन।



📜 आयत 1-4 — सूरा अश-शम्स

1وَالشَّمْسِ وَضُحَاهَا
सूरज की क़सम और उसकी रौशनी की
2وَالْقَمَرِ إِذَا تَلَاهَا
और चाँद की जब उसके पीछे निकले
3وَالنَّهَارِ إِذَا جَلَّاهَا
और दिन की जब उसे चमका दे
4وَاللَّيْلِ إِذَا يَغْشَاهَا
और रात की जब उसे ढाँक ले
अश-शम्सकुरान सूची
15आयत
मक्कीअवतरण स्थान
2आयत

अनुवाद — अश-शम्स 2

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Monday, September 28, 2026

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