अनुवाद — Tafsir
शब्दार्थ:
- يُعَذِّبُ – अज़ाब देता है, दंड देता है।
- مَن يَشَاءُ – जिसे चाहता है।
- يَرْحَمُ – रहमत (दया) करता है।
- تُقْلَبُونَ – तुम पलटाए जाओगे, लौटाए जाओगे।
तफ़सीर (व्याख्या):
अल्लाह तआला अपनी बेपनाह हिकमत और अदालत के मुताबिक जिसे चाहता है अज़ाब देता है, और यह अज़ाब उसके इंसाफ़ का नतीजा है, जो उन लोगों को मिलता है जिन्होंने अपनी ज़िंदगी में गुनाह और सरकशी की राह अपनाई और तौबा नहीं की। और जिसे चाहता है उस पर रहमत फरमाता है, और यह रहमत उसके फज़ल (कृपा) का नतीजा है, जो उन लोगों को मिलती है जो तौबा करके ईमान लाए और नेक अमल करते रहे। अल्लाह की मशीयत (इच्छा) पर कोई पर्दा नहीं डाल सकता, न कोई उसके फैसले को टाल सकता है। वह जो चाहता है, अपनी हिकमत के मुताबिक करता है, और उसकी रहमत उसके अज़ाब से कहीं ज़्यादा वसी (व्यापक) है।
फिर अल्लाह तआला फरमाता है: "और उसी की तरफ तुम पलटाए जाओगे।" यानी क़यामत के दिन तुम सबको अपनी क़ब्रों से ज़िंदा होकर उठाया जाएगा और तुम अल्लाह की बारगाह में हाज़िर किए जाओगे। वहाँ वह तुम्हारे साथ पूरा इंसाफ़ करेगा — जिसने नेकी की उसे नेकी का बदला मिलेगा और जिसने बुराई की उसे बुराई का अंजाम भुगतना पड़ेगा। यह लौटना सिर्फ़ अल्लाह ही की तरफ है, किसी और की तरफ नहीं, क्योंकि वही सबका मालिक और हाकिम है।
दावती पहलू:
यह आयत हमें दो बड़ी हक़ीक़तों की याद दिलाती है — पहली यह कि अल्लाह का अज़ाब बहुत सख्त है, इसलिए हमें अपने गुनाहों से बाज़ आना चाहिए और उसकी नाराज़गी से डरना चाहिए। दूसरी यह कि अल्लाह की रहमत बहुत वसी है, और वह अपने बंदों पर रहम करना पसंद करता है। जो बंदा अपने गुनाहों पर शर्मिंदा होकर अल्लाह की तरफ रुजू करता है, अल्लाह उसे अपनी रहमत से नवाज़ता है। यह आयत हमें बताती है कि हमारी किस्मत हमारे हाथ में है — अगर हम नेकी करेंगे तो रहमत के हक़दार बनेंगे, और अगर गुनाह करते रहे तो अज़ाब के। इसलिए आज ही अपनी ज़िंदगी को संवार लें, अल्लाह की रहमत के साये में आने की कोशिश करें, क्योंकि कल का पलटना तय है और वहाँ किसी को मोहलत नहीं मिलेगी। अल्लाह तआला हम सबको अपनी रहमत से नवाज़े और हमें अज़ाब से महफूज़ रखे। आमीन।
📜 आयत 19-23 — अल-अंकबूत
अनुवाद — अल-अंकबूत 21
सूरा अल-अंकबूत आयत 21 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : जिस पर चाहे अज़ाब करे और जिस पर चाहे रहम…सूरा आयत 21/69 — अल-अंकबूत العنكبوت (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अल-अंकबूत सुनें, अल-अंकबूत अनुवाद, अल-अंकबूत mp3, अल-अंकबूत pdf. आयत 19–23. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
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