अन-नबा · 14/40
अनुवाद उच्चारण — अन-नबा
وَأَنزَلْنَا مِنَ الْمُعْصِرَاتِ مَاءً ثَجَّاجًا ۝١٤
Wa anzalna minal m`usiraati maa-an saj-jaaja
📖 हिंदी अर्थ
और हम ही ने बादलों से मूसलाधार पानी बरसाया
📜

अनुवाद — Tafsir

शब्दों के अर्थ:

  • المُعْصِرَاتِ: वे बादल जो बारिश के लिए तैयार हो जाएं, यानी जिन्हें निचोड़ा जाए तो पानी बरसे। इसे "बादलों के निचोड़े जाने" के अर्थ में लिया गया है, क्योंकि हवाएं बादलों को इस तरह दबाती हैं जैसे कोई चीज़ निचोड़ी जाए।
  • ثَجَّاجًا: बहुत अधिक बहने वाला, लगातार और प्रचुर मात्रा में गिरने वाला पानी।

तफ़सीर (व्याख्या):

अल्लाह तआला ने इस आयत में अपनी कुदरत के उस नज़ारे की तरफ इशारा किया है जो हर मौसम में हमारी आंखों के सामने आता है। वह फ़रमाता है कि हमने उन बादलों से, जो बारिश के लिए तैयार हो जाते हैं और हवाओं के ज़रिए निचोड़े जाते हैं, मूसलाधार और बहुत अधिक मात्रा में पानी उतारा। यह पानी अपनी प्रचुरता और लगातार बहने की वजह से ज़मीन को सींचता है, उसे उर्वर बनाता है, और उससे तरह-तरह की नेअमतें पैदा करता है।

यह पानी अल्लाह की रहमत का एक बड़ा नमूना है। ज़रा सोचिए, यही बादल अगर पानी न बरसाएं तो ज़मीन बंजर और सूखी पड़ी रहे, लेकिन जब अल्लाह का हुक्म होता है, तो वही बादल अपने अंदर से वह पानी उड़ेलते हैं जो अनाज, सब्ज़ियां, फल और चारे के रूप में हमारी ज़िंदगी का सहारा बनता है। यह सिर्फ एक प्राकृतिक घटना नहीं, बल्कि अल्लाह की कुदरत और उसकी रहमत का जीता-जागता सबूत है।

इस आयत से हमें यह सबक मिलता है कि जिस तरह अल्लाह ने बादलों से पानी बरसाकर ज़मीन को ज़िंदा किया, उसी तरह वह क़यामत के दिन मुर्दों को ज़िंदा करके उन्हें उनके अमलों का बदला देगा। जो अल्लाह पर ईमान लाए और उसके हुक्मों पर अमल करे, उसके लिए इसी रहमत का इंतज़ाम जन्नत में होगा, जहां नदियां बहेंगी और हर तरह की नेअमतें मौजूद होंगी।

प्यारे भाइयों और बहनों! जब हम बारिश को देखें, तो उसमें अल्लाह की कुदरत और उसकी मेहरबानी को याद करें। यह पानी सिर्फ प्यास बुझाने के लिए नहीं, बल्कि हमारे लिए एक निशानी है कि अल्लाह हर चीज़ पर क़ादिर है। वही बादलों को चलाता है, वही पानी बरसाता है, और वही उससे रिज़्क़ पैदा करता है। इसलिए हमें अपनी ज़िंदगी में अल्लाह का शुक्र अदा करना चाहिए और उसकी इबादत में मशगूल रहना चाहिए, ताकि हम उसकी उन बेहतरीन नेअमतों के हक़दार बनें जो उसने अपने नेक बंदों के लिए तैयार की हैं।

🎧 सुनें

📜 आयत 12-16 — अन-नबा

12وَبَنَيْنَا فَوْقَكُمْ سَبْعًا شِدَادًا
और तुम्हारे ऊपर सात मज़बूत (आसमान) बनाए
13وَجَعَلْنَا سِرَاجًا وَهَّاجًا
और हम ही ने (सूरज) को रौशन चिराग़ बनाया
14وَأَنزَلْنَا مِنَ الْمُعْصِرَاتِ مَاءً ثَجَّاجًا
और हम ही ने बादलों से मूसलाधार पानी बरसाया
15لِّنُخْرِجَ بِهِ حَبًّا وَنَبَاتًا
ताकि उसके ज़रिए से दाने और सबज़ी
16وَجَنَّاتٍ أَلْفَافًا
और घने घने बाग़ पैदा करें
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अनुवाद — अन-नबा 14

सूरा अन-नबा आयत 14 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : और हम ही ने बादलों से मूसलाधार पानी बरसाया

सूरा आयत 14/40 — अन-नबा النبأ (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अन-नबा सुनें, अन-नबा अनुवाद, अन-नबा mp3, अन-नबा pdf. आयत 12–16. हिंदी अर्थ: اردو.




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Tuesday, August 18, 2026

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