अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- كَشَفْنَا: हमने हटा दिया, दूर कर दिया।
- الْعَذَابَ: यातना, अज़ाब।
- يَنكُثُونَ: वचन तोड़ते हैं, अहद तोड़ते हैं, धोखा देते हैं।
तफ़सीर (व्याख्या):
जब मूसा (अलैहिस्सलाम) ने अपनी प्रार्थना से फ़िरौन और उसकी क़ौम से वह यातना हटाने की दुआ की, और हमने उनसे वह अज़ाब हटा दिया, तो उसी क्षण वे अपने वादे और अहद को तोड़ने लगे। उन्होंने ईमान लाने का जो वचन दिया था, उसे भूल गए और अपने कुफ़्र और ज़ुल्म पर अड़े रहे। यह उनकी आदत थी कि जब भी कोई मुसीबत आती, तो वे मूसा (अलैहिस्सलाम) के पास आकर दुआ करवाते और वादा करते कि अगर अज़ाब हट गया तो हम ईमान लाएँगे, लेकिन जैसे ही अज़ाब हटता, वे अपने वादे से मुकर जाते और अपनी ज़िद और सरकशी पर बने रहते।
यह आयत हमें सिखाती है कि अल्लाह तआला अपने बंदों पर बहुत मेहरबान है। वह जब चाहता है, मुसीबतें हटा देता है, लेकिन इंसान को चाहिए कि वह अल्लाह की रहमत देखकर उसका शुक्र अदा करे और अपने वादों को पूरा करे। अल्लाह की पकड़ से बचने का एक ही रास्ता है—सच्चे दिल से तौबा करना और उसकी इबादत पर स्थिर रहना। याद रखिए, अल्लाह की मोहलत (ढील) उसकी पकड़ से बेख़बर न करे। जो लोग अल्लाह के साथ धोखा करते हैं, वे दरअसल खुद अपने नुक़सान का सामान करते हैं। हमें चाहिए कि हम अल्लाह से किए गए हर वादे को पूरा करें, क्योंकि अल्लाह वादा पूरा करने वालों से मुहब्बत करता है और उन्हें कामयाबी अता करता है।
📜 आयत 48-52 — अज़-ज़ुखरुफ
अनुवाद — अज़-ज़ुखरुफ 50
सूरा अज़-ज़ुखरुफ आयत 50 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : (अगर अब की छूटे) तो हम ज़रूर ऊपर आ जाएँगे…सूरा आयत 50/89 — अज़-ज़ुखरुफ الزخرف (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अज़-ज़ुखरुफ सुनें, अज़-ज़ुखरुफ अनुवाद, अज़-ज़ुखरुफ mp3, अज़-ज़ुखरुफ pdf. आयत 48–52. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
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