अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- مُدَّتْ: फैला दी जाएगी, बिछा दी जाएगी, चौड़ी कर दी जाएगी।
तफ़सीर:
जब क़ियामत का दिन आएगा, तो अल्लाह तआला इस धरती को इस तरह फैला देगा जैसे चमड़े को फैलाया जाता है। उस दिन यह ज़मीन अपने पहाड़ों से खाली कर दी जाएगी, सारे पहाड़ मिटा दिए जाएँगे और धरती को इस कदर विस्तार दिया जाएगा कि उसमें कोई ऊँच-नीच, कोई टेढ़ापन बाकी न रहेगा। यह वही दिन होगा जब धरती अपने भीतर छिपी हुई हर चीज़—चाहे वह मुर्दे हों या खज़ाने—को बाहर निकाल फेंकेगी और उनसे बिल्कुल खाली हो जाएगी।
यह सब कुछ अल्लाह के हुक्म से होगा, और धरती अपने रब के आदेश के आगे पूरी तरह सरेंडर कर देगी। उसके लिए यही उचित भी है कि वह अपने रब की आज्ञा का पालन करे, क्योंकि वह उसी की मख़लूक़ है और उसी के इशारे पर चलती है।
दावती पहलू:
यह आयत हमें उस महान दिन की याद दिलाती है जब यह विशाल धरती, जिसे हम अपना ठिकाना समझते हैं, अपनी सारी शान-ओ-शौकत के साथ बदल दी जाएगी। यह हमारे लिए एक ज़बरदस्त सबक़ है कि जिस दुनिया से हम इतना प्यार करते हैं और जिसके लिए हम दिन-रात मेहनत करते हैं, वह एक दिन इस तरह बदल दी जाएगी।
तो ऐ इंसान! उस दिन की तैयारी कर ले, जब धरती अपने अंदर के सब राज़ उगल देगी। आज जो अच्छे काम तू करेगा, वही तेरे काम आएगा। आज जो नेकियाँ तू कमाएगा, वही तेरी रोशनी बनेगी। यह धरती भले ही फैल जाए, लेकिन तेरा अमलनामा वही रहेगा। इसलिए इस दुनिया में रहते हुए उस आख़िरत को न भूल, और अपने रब की इताअत में अपनी ज़िंदगी गुज़ार, ताकि उस दिन तू भी धरती की तरह अपने रब के हुक्म के आगे सरेंडर करके कामयाब हो जाए।
याद रख, जिस तरह धरती अपने रब के हुक्म के आगे झुक जाएगी, उसी तरह अगर हम भी अपने रब के हुक्म के आगे झुक जाएँ, तो हमारी कामयाबी यक़ीनी है। यही इंसान की असली कामयाबी है—अल्लाह की रज़ा में रज़ा ढूँढना।
📜 आयत 1-5 — अल-इनशिक़ाक
अनुवाद — अल-इनशिक़ाक 3
सूरा अल-इनशिक़ाक आयत 3 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : और जब ज़मीन (बराबर करके) तान दी जाएगीसूरा आयत 3/25 — अल-इनशिक़ाक الإنشقاق (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अल-इनशिक़ाक सुनें, अल-इनशिक़ाक अनुवाद, अल-इनशिक़ाक mp3, अल-इनशिक़ाक pdf. आयत 1–5. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
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