अत-तारिक़ · 6/17
अनुवाद उच्चारण — अत-तारिक़
خُلِقَ مِن مَّاءٍ دَافِقٍ ۝٦
Khuliqa mim maaa`in daafiq
📖 हिंदी अर्थ
वह उछलते हुए पानी (मनी) से पैदा हुआ है

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अनुवाद — Tafsir

शब्दार्थ:

  • माउन दाफ़िक़ (مَاء دَافِق): तेज़ी से बहने वाला, उछलकर निकलने वाला पानी, यानी वीर्य (मनी) जो ज़ोर से निकलता है और रहम (गर्भाशय) तक पहुँचता है।

तफ़सीर:

इस आयत में अल्लाह तआला इंसान को उसकी पैदाइश की हक़ीक़त याद दिला रहा है। इंसान को एक बहुत ही साधारण और कमज़ोर चीज़ से पैदा किया गया — एक ऐसे पानी (वीर्य) से जो तेज़ी से बहता है और रहम में पहुँचकर इंसान की बुनियाद बनता है। यह पानी मर्द की पीठ (सुल्ब) और औरत की छाती (तराइब) के बीच से निकलता है। यह कोई बड़ी और ताकतवर चीज़ नहीं, बल्कि एक क़तरा है जिसे इंसान खुद नहीं बना सकता, न उसे अपनी मर्ज़ी से रोक सकता है और न उसे अपनी तरफ़ मोड़ सकता है।

जब इंसान यह सोचे कि उसकी शुरुआत कितनी कमज़ोर और हक़ीर थी, तो उसे यक़ीन हो जाना चाहिए कि जिस अल्लाह ने उसे इस क़तरे से पैदा किया, वह उसे दोबारा ज़िंदा करने पर भी पूरी तरह क़ादिर है। जो ख़ालिक़ पहली बार पैदा कर सकता है, वह दोबारा पैदा करने से क्यों असमर्थ होगा? यह बात उन लोगों के लिए सबसे बड़ी नसीहत है जो आख़िरत और हश्र (पुनरुत्थान) का इनकार करते हैं। अगर इंसान अपनी पैदाइश पर ग़ौर करे तो उसे समझ आ जाए कि अल्लाह की क़ुदरत के आगे कुछ भी मुश्किल नहीं।

यह आयत हमें सिखाती है कि हमें अपनी पैदाइश पर ग़ौर करना चाहिए — हम कैसे एक क़तरे से बने, फिर ख़ून के कीड़े से, फिर गोश्त के टुकड़े से, और फिर अल्लाह ने हमें इंसान बनाकर सूरत दी, कान दिए, आँखें दीं, समझ दी। क्या यह सब कुछ बिना किसी कारीगर के हो सकता है? हरगिज़ नहीं। यही अल्लाह हमें मौत के बाद दोबारा उठाएगा और हमसे हिसाब लेगा। इसलिए हमें अपनी ज़िंदगी को अल्लाह की इताअत (आज्ञाकारिता) में गुज़ारना चाहिए, ताकि उस दिन हम कामयाब हों।

यह आयत हमारे दिल में अल्लाह की क़ुदरत का एहसास पैदा करती है और हमें उसकी नेमतों का शुक्रगुज़ार बनाती है। जिस अल्लाह ने हमें इस क़तरे से इंसान बनाया, उसकी रहमत और मेहरबानी पर हमें भरोसा रखना चाहिए, और उसके सामने अपने आपको झुकाना चाहिए। यही सच्ची कामयाबी है — कि हम उस ख़ालिक़ को पहचानें जिसने हमें पैदा किया और उसी की इबादत करें।



📜 आयत 4-8 — अत-तारिक़

4إِن كُلُّ نَفْسٍ لَّمَّا عَلَيْهَا حَافِظٌ
(इस बात की क़सम) कि कोई शख़्श ऐसा नहीं जिस पर निगेहबान मुक़र्रर नहीं
5فَلْيَنظُرِ الْإِنسَانُ مِمَّ خُلِقَ
तो इन्सान को देखना चाहिए कि वह किस चीज़ से पैदा हुआ हैं
6خُلِقَ مِن مَّاءٍ دَافِقٍ
वह उछलते हुए पानी (मनी) से पैदा हुआ है
7يَخْرُجُ مِن بَيْنِ الصُّلْبِ وَالتَّرَائِبِ
जो पीठ और सीने की हड्डियों के बीच में से निकलता है
8إِنَّهُ عَلَىٰ رَجْعِهِ لَقَادِرٌ
बेशक ख़ुदा उसके दोबारा (पैदा) करने पर ज़रूर कुदरत रखता है
अत-तारिक़कुरान सूची
17आयत
मक्कीRevelation
6आयत

अनुवाद — अत-तारिक़ 6

सूरा अत-तारिक़ आयत 6 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : वह उछलते हुए पानी (मनी) से पैदा हुआ है

सूरा आयत 6/17 — अत-तारिक़ الطارق (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अत-तारिक़ सुनें, अत-तारिक़ अनुवाद, अत-तारिक़ mp3, अत-तारिक़ pdf. आयत 4–8. हिंदी अर्थ: اردو.




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Tuesday, August 18, 2026

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