अनुवाद — Tafsir
शब्दार्थ:
- أَلَا: सुनो! (ध्यान दो)
- وَعْدَ اللَّهِ: अल्लाह का वादा
- حَقٌّ: सत्य, अटल
- لَا يَعْلَمُونَ: वे जानते नहीं
तफ़सीर (व्याख्या):
सुनो! निस्संदेह आकाशों और धरती में जो कुछ भी है, वह सब अल्लाह ही का है। उसकी मल्कियत (स्वामित्व) में किसी का कोई हिस्सा नहीं। वही इन सबका रचयिता, पालनहार और प्रबंधक है।
और सुनो! अल्लाह का वादा पूर्ण रूप से सत्य है। उसने जो वादा किया है—चाहे वह काफ़िरों के लिए दंड का हो या मोमिनों के लिए इनाम का—वह अवश्य पूरा होकर रहेगा। उसके वादे को कोई रोकने वाला नहीं, कोई टालने वाला नहीं। क़ियामत का दिन, हिसाब-किताब, जन्नत और जहन्नम—ये सब अटल सत्य हैं।
लेकिन इनमें से अधिकतर लोग इस सत्य को नहीं जानते। उनकी अज्ञानता के कारण वे इन बातों पर विश्वास नहीं करते, संदेह में पड़े रहते हैं और अपने कर्मों में लापरवाही बरतते हैं। यदि वे वास्तव में जान लेते कि अल्लाह का वादा सत्य है और उसका दंड अवश्य आने वाला है, तो वे अपने आचरण को सुधार लेते।
लाभ एवं शिक्षाएँ:
- अल्लाह की मल्कियत का अहसास: यह आयत हमें सिखाती है कि संपूर्ण ब्रह्मांड अल्लाह की मिल्कियत में है। जब हम यह जान लेते हैं कि हमारे पास जो कुछ भी है, वह अल्लाह का ही है, तो हमारे दिलों में उसकी नेमतों के प्रति कृतज्ञता पैदा होती है और हम उसकी राह में खर्च करने में संकोच नहीं करते।
- अल्लाह के वादे पर भरोसा: अल्लाह का हर वादा सत्य है। यह विश्वास मोमिन के दिल को मज़बूती देता है। मुसीबतों और परेशानियों में भी वह निराश नहीं होता, क्योंकि वह जानता है कि अल्लाह का वादा अवश्य पूरा होगा।
- अज्ञानता से बचने की प्रेरणा: अधिकतर लोग इसलिए गुमराह हैं क्योंकि वे सत्य को नहीं जानते। यह आयत हमें इल्म (ज्ञान) हासिल करने की तरफ प्रेरित करती है। ज्ञान ही वह रास्ता है जो हमें अल्लाह की सच्चाई से जोड़ता है और हमें अंधविश्वास और संदेह से बचाता है।
- आख़िरत की तैयारी: यह आयत हमें याद दिलाती है कि एक दिन हमें अपने कर्मों का हिसाब देना है। यह चेतावनी हमें गुनाहों से बचाती है और नेक कामों की तरफ ले जाती है। जो व्यक्ति इस सच्चाई को जान लेता है, वह दुनिया की फ़ानी चीज़ों के पीछे अपनी आख़िरत को बर्बाद नहीं करता।
📜 आयत 53-57 — यूनुस
अनुवाद — यूनुस 55
सूरा यूनुस आयत 55 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : आगाह रहो कि जो कुछ आसमानों में और ज़मीन में…सूरा आयत 55/109 — यूनुस يونس (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: यूनुस सुनें, यूनुस अनुवाद, यूनुस mp3, यूनुस pdf. आयत 53–57. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Wednesday, August 19, 2026
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