फातिर · 1/45
अनुवाद उच्चारण — फातिर
الْحَمْدُ لِلَّهِ فَاطِرِ السَّمَاوَاتِ وَالْأَرْضِ جَاعِلِ الْمَلَائِكَةِ رُسُلًا أُولِي أَجْنِحَةٍ مَّثْنَىٰ وَثُلَاثَ وَرُبَاعَ ۚ يَزِيدُ فِي الْخَلْقِ مَا يَشَاءُ ۚ إِنَّ اللَّهَ عَلَىٰ كُلِّ شَيْءٍ قَدِيرٌ ۝١
Alhamdu lillaahi faatiris samaawaati wal ardi jaa`ilil malaaa`ikati rusulan uleee ajnihatim masnaa wa sulaasa wa rubaa`; yazeedu fil khalqi maa yashaaa`; innal laaha `alaa kulli shai`in Qadeer
📖 हिंदी अर्थ
हर तरह की तारीफ खुदा ही के लिए (मख़सूस) है जो सारे आसमान और ज़मीन का पैदा करने वाला फरिश्तों का (अपना) क़ासिद बनाने वाला है जिनके दो-दो और तीन-तीन और चार-चार पर होते हैं (मख़लूक़ात की) पैदाइश में जो (मुनासिब) चाहता है बढ़ा देता है बेशक खुदा हर चीज़ पर क़ादिर (व तवाना है)

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अनुवाद — Tafsir

بسم الله الرحمن الرحيم

शब्दों के अर्थ:

  • فَاطِرِ: सृष्टि को बिना किसी पूर्व नमूने के बनाने वाला, उत्पत्ति करने वाला।
  • رُسُلًا: संदेशवाहक, दूत।
  • أَجْنِحَةٍ: पंख (पर)।
  • مَّثْنَىٰ وَثُلَاثَ وَرُبَاعَ: दो-दो, तीन-तीन और चार-चार।
  • يَزِيدُ فِي الْخَلْقِ: सृष्टि में जो चाहता है बढ़ा देता है।

तफ़सीर (व्याख्या):

सारी प्रशंसा और स्तुति केवल अल्लाह के लिए है, जो आकाशों और धरती का सृष्टिकर्ता है। उसने इन्हें बिना किसी पूर्व नमूने के, अपनी असीम शक्ति से उत्पन्न किया। वही है जिसने फ़रिश्तों को संदेशवाहक बनाया—वे उसके आदेशों को पूरा करने वाले और उसके पैग़ंबरों तक वही (प्रकाशना) पहुँचाने वाले हैं। ये फ़रिश्ते पंखों वाले हैं; कुछ के दो पंख हैं, कुछ के तीन, और कुछ के चार। इन पंखों के द्वारा वे अल्लाह के आदेशों को तेज़ी से पूरा करने के लिए उड़ते हैं।

अल्लाह अपनी सृष्टि में जो चाहता है, बढ़ा देता है—चाहे वह शारीरिक बनावट हो, सुंदरता, आवाज़, शक्ति, या कोई अन्य विशेषता। वह अपनी सृष्टि के रूप-रंग और गुणों में जैसा चाहता है, विविधता पैदा करता है। निस्संदेह, अल्लाह हर चीज़ पर पूर्ण सामर्थ्य रखता है; उसके लिए कुछ भी असंभव नहीं है, न कोई चीज़ उसे विवश कर सकती है और न ही कोई कार्य उसके लिए कठिन है।

यह आयत हमें अल्लाह की महान शक्ति और उसकी सृष्टि की अद्भुत रचना पर चिंतन करने की शिक्षा देती है। जब हम आकाशों की ऊँचाइयों, धरती के विस्तार, और फ़रिश्तों की अद्भुत रचना को देखते हैं, तो हमारा दिल अल्लाह की प्रशंसा से भर जाता है। यह हमें सिखाता है कि जिस प्रकार अल्लाह ने फ़रिश्तों को अलग-अलग पंख दिए, उसी प्रकार उसने मनुष्यों को अलग-अलग योग्यताएँ और क्षमताएँ प्रदान की हैं—हमें अपनी-अपनी क्षमताओं का सही उपयोग करना चाहिए।

यह आयत हमें यह भी बताती है कि अल्लाह की रचना में कोई कमी नहीं है; वह जब चाहता है, अपनी सृष्टि में वृद्धि कर देता है। यह हमारे लिए एक बड़ी शिक्षा है कि हम अल्लाह की असीम शक्ति पर विश्वास रखें और उसकी सृष्टि के विभिन्न पहलुओं पर गहराई से चिंतन करें। जब हम अल्लाह की इन नेमतों को याद करते हैं, तो हमारा ईमान मज़बूत होता है और हम उसके प्रति और अधिक आभारी बनते हैं। यही सच्ची कृतज्ञता है—अल्लाह की प्रशंसा करना, उसकी नेमतों को पहचानना, और उसके आदेशों का पालन करना।



📜 आयत 1-3 — फातिर

1الْحَمْدُ لِلَّهِ فَاطِرِ السَّمَاوَاتِ وَالْأَرْضِ جَاعِلِ الْمَلَائِكَةِ رُسُلًا أُولِي أَجْنِحَةٍ مَّثْنَىٰ وَثُلَاثَ وَرُبَاعَ ۚ يَزِيدُ فِي الْخَلْقِ مَا يَشَاءُ ۚ إِنَّ اللَّهَ عَلَىٰ كُلِّ شَيْءٍ قَدِيرٌ
हर तरह की तारीफ खुदा ही के लिए (मख़सूस) है जो सारे आसमान और ज़मीन का पैदा करने वाला फरिश्तों का (अपना) क़ासिद बनाने वाला है जिनके दो-दो और तीन-तीन और चार-चार पर होते हैं (मख़लूक़ात की) पैदाइश में जो (मुनासिब) चाहता है बढ़ा देता है बेशक खुदा हर चीज़ पर क़ादिर (व तवाना है)
2مَّا يَفْتَحِ اللَّهُ لِلنَّاسِ مِن رَّحْمَةٍ فَلَا مُمْسِكَ لَهَا ۖ وَمَا يُمْسِكْ فَلَا مُرْسِلَ لَهُ مِن بَعْدِهِ ۚ وَهُوَ الْعَزِيزُ الْحَكِيمُ
लोगों के वास्ते जब (अपनी) रहमत (के दरवाजे) ख़ोल दे तो कोई उसे जारी नहीं कर सकता और जिस चीज़ को रोक ले उसके बाद उसे कोई रोक नहीं सकता और वही हर चीज़ पर ग़ालिब और दाना व बीना हकीम है
3يَا أَيُّهَا النَّاسُ اذْكُرُوا نِعْمَتَ اللَّهِ عَلَيْكُمْ ۚ هَلْ مِنْ خَالِقٍ غَيْرُ اللَّهِ يَرْزُقُكُم مِّنَ السَّمَاءِ وَالْأَرْضِ ۚ لَا إِلَٰهَ إِلَّا هُوَ ۖ فَأَنَّىٰ تُؤْفَكُونَ
लोगों खुदा के एहसानात को जो उसने तुम पर किए हैं याद करो क्या खुदा के सिवा कोई और ख़ालिक है जो आसमान और ज़मीन से तुम्हारी रोज़ी पहुँचाता है उसके सिवा कोई माबूद क़ाबिले परसतिश नहीं फिर तुम किधर बहके चले जा रहे हो
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अनुवाद — फातिर 1

सूरा फातिर आयत 1 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : हर तरह की तारीफ खुदा ही के लिए (मख़सूस) है…

सूरा आयत 1/45 — फातिर فاطر (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: फातिर सुनें, फातिर अनुवाद, फातिर mp3, फातिर pdf. आयत 1–3. हिंदी अर्थ: اردو.




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Tuesday, August 18, 2026

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