Mishary Rashid Alafasy
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Mahmoud Khalil Al-Husary
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Abdurrahman As-Sudais
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Mohamed Siddiq Al-Minshawi
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Abdul Basit Abdul Samad
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Ali Al-Hudhaify
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Ahmed ibn Ali al-Ajamy
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Abu Bakr Ash-Shaatree
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Muhammad Ayyoub
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Abdullah Basfar
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Abdullah Al-Juhani
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Maher Al Muaiqly
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अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- كَذَٰلِكَ: इसी प्रकार, ऐसे ही।
- نَجْزِي: हम बदला देते हैं, प्रतिफल प्रदान करते हैं।
- الْمُحْسِنِينَ: नेकी करने वाले, अच्छा काम करने वाले, जो अपने अमल को ख़ूबसूरत बनाते हैं।
तफ़सीर (व्याख्या):
अल्लाह तआला इस आयत में फ़रमाता है कि जिस तरह हमने अपने नेक बंदे हज़रत इब्राहीम (अलैहिस्सलाम) को उनकी आज्ञाकारिता, उनके धैर्य और उनके अल्लाह के हुक्म के सामने पूर्ण समर्पण का बदला दिया — उन्हें सलामती, रहमत, दुनिया में अच्छी यादगार और आख़िरत में ऊँचे दर्जे अता किए — उसी तरह हम उन सभी लोगों को भी बदला देते हैं जो नेकी करते हैं।
यानी अल्लाह का क़ानून और उसकी सुन्नत (रीति) यही है कि जो बंदा अपने अमल को ख़ालिस अल्लाह के लिए करता है, अपने कामों को सुधारता है, और अपने रब के हुक्मों का पालन करता है, अल्लाह उसे बेहतरीन बदला देता है। यह अल्लाह का वादा है — नेकी करने वालों के लिए बेहतरीन अंजाम है।
यह आयत हमें बताती है कि अल्लाह की राह में की गई छोटी से छोटी नेकी भी रद्द नहीं होती। जो लोग अपने जीवन को अल्लाह की रज़ा के अनुसार ढालते हैं, उनके लिए दुनिया में भी इज़्ज़त और आख़िरत में भी कामयाबी है। अल्लाह ने हज़रत इब्राहीम को उनकी कुर्बानी और फ़रमाँबरदारी का ऐसा इनाम दिया जो क़यामत तक याद रखा जाएगा — और यही अल्लाह का तरीका है: वह अपने मुहसिन (नेकी करने वाले) बंदों को कभी निराश नहीं करता।
इस आयत से हमें सबक़ मिलता है कि हमें अपने अमल को सुधारना चाहिए, अपनी नीयत को ख़ालिस करना चाहिए, और अल्लाह पर भरोसा रखना चाहिए। अल्लाह का इनाम उसके बंदों के लिए हमेशा तैयार है — बशर्ते वे सच्चे दिल से नेकी करें और उसी की राह पर चलें। यही वह रास्ता है जो हमें अल्लाह की मुहब्बत और उसकी रहमत तक पहुँचाता है।
📜 आयत 108-112 — सूरा अस-साफ्फात
अनुवाद — अस-साफ्फात 110
सूरा अस-साफ्फात आयत 110 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : हम यूँ नेकी करने वालों को जज़ाए ख़ैर देते हैंसूरा आयत 110/182 — सूरा अस-साफ्फात الصافات (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा अस-साफ्फात सुनें, सूरा अस-साफ्फात अनुवाद, सूरा अस-साफ्फात mp3, सूरा अस-साफ्फात pdf. आयत 108–112. हिंदी अर्थ: اردو.
सूरा अस-साफ्फात
पवित्र क़ुरआन
Saturday, October 3, 2026
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