Mishary Rashid Alafasy
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Mahmoud Khalil Al-Husary
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Abdurrahman As-Sudais
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Mohamed Siddiq Al-Minshawi
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Abdul Basit Abdul Samad
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Ali Al-Hudhaify
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Ahmed ibn Ali al-Ajamy
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Abu Bakr Ash-Shaatree
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Muhammad Ayyoub
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Abdullah Basfar
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Abdullah Al-Juhani
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Maher Al Muaiqly
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अनुवाद — Tafsir
शब्दार्थ:
- مُسَوَّمَةً: निशान लगी हुई, जिस पर निशान हो।
- عِندَ رَبِّكَ: तेरे रब के पास।
- لِلْمُسْرِفِينَ: उन लोगों के लिए जो हद से आगे बढ़ने वाले हैं (अत्याचारी, सीमा का उल्लंघन करने वाले)।
तफ़सीर:
हे नबी! यह वे पत्थर थे जो अल्लाह की ओर से निशान लगाए हुए थे—हर पत्थर पर उस व्यक्ति का नाम अंकित था जिस पर वह गिरना था। ये पत्थर तेरे रब के पास उन लोगों के लिए तैयार किए गए थे जो हद से आगे बढ़ गए थे—जिन्होंने अल्लाह की अवज्ञा में अति की, कुफ्र और गुनाह में सीमा पार कर दी थी। यह अज़ाब उन्हीं के लिए था, जो ज़ुल्म और फ़साद में मुबालग़ा करने वाले थे।
यह वही क़ौम थी जिस पर अल्लाह का क़हर नाज़िल हुआ—हज़रत लूत अलैहिस्सलाम की क़ौम। उन्होंने अल्लाह की नाफ़रमानी में इतना आगे बढ़ गए कि अल्लाह ने उन्हें मिट्टी के पत्थरों से हलाक कर दिया, जो आसमान से बरसाए गए और हर पत्थर उसी शख्स पर गिरा जिसके लिए वह मुक़र्रर था। यह अल्लाह का इन्साफ़ है कि उसका अज़ाब भी अंधाधुंध नहीं होता, बल्कि हर शख्स को उसके किए का बदला मिलता है।
इस आयत में हमारे लिए बड़ी नसीहत है कि अल्लाह की नाफ़रमानी में हद से आगे बढ़ना—चाहे वह कुफ्र हो, शिर्क हो, ज़ुल्म हो या फ़ाहिशा—अल्लाह के अज़ाब को दावत देना है। अल्लाह देर करता है, लेकिन पकड़ता ऐसा है कि कोई नहीं बच सकता। लेकिन साथ ही यह भी खुशखबरी है कि अल्लाह की रहमत उसके अज़ाब से कहीं बढ़कर है। जो शख्स अपनी गलती से तौबा कर ले, अल्लाह उसे माफ कर देता है और उसके गुनाहों को नेकियों में बदल देता है। इसलिए हमें चाहिए कि हम अल्लाह की रहमत से निराश न हों और अपने गुनाहों से तौबा करके उसकी तरफ लौट आएँ। अल्लाह तौबा करने वालों से बेहद मुहब्बत करता है और उन्हें माफ करने में कोई कसर नहीं छोड़ता।
📜 आयत 32-36 — सूरा अज़-ज़ारियात
अनुवाद — अज़-ज़ारियात 34
सूरा अज़-ज़ारियात आयत 34 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : जिन पर हद से बढ़ जाने वालों के लिए तुम्हारे…सूरा आयत 34/60 — सूरा अज़-ज़ारियात الذاريات (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा अज़-ज़ारियात सुनें, सूरा अज़-ज़ारियात अनुवाद, सूरा अज़-ज़ारियात mp3, सूरा अज़-ज़ारियात pdf. आयत 32–36. हिंदी अर्थ: اردو.
सूरा अज़-ज़ारियात
पवित्र क़ुरआन
Friday, October 2, 2026
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