अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- غَيْرُ مَمْنُونٍ — जो कभी समाप्त न हो, न कटे, न घटे, और न ही उस पर कोई एहसान जताया जाए। यह ऐसा अज्र (प्रतिफल) है जो निरंतर और अक्षय है।
तफ़सीर:
इस आयत में अल्लाह तआला फ़रमाता है कि जिन लोगों ने ईमान लाया — यानी अल्लाह पर, उसके रसूलों पर और उसकी किताबों पर सच्चे दिल से विश्वास किया — और उन्होंने अपने ईमान के साथ अच्छे कर्म भी किए, यानी नेकियाँ और भलाई के काम किए, तो उनके लिए ऐसा अज्र (प्रतिफल) है जो कभी समाप्त नहीं होता, न कटता है और न ही घटता है।
यह अल्लाह का विशेष अनुग्रह है कि जब कोई व्यक्ति ईमान और अच्छे कर्मों पर स्थिर रहता है, तो अल्लाह उसे ऐसा बदला देता है जो हमेशा रहने वाला है — वह है जन्नत। यहाँ तक कि अगर कोई बूढ़ा हो जाए और कमज़ोरी के कारण अच्छे कर्म न कर सके, तो अल्लाह उसके पिछले अच्छे कर्मों का पूरा-पूरा बदला देता है, जैसे वह जवानी में करता था। यह अल्लाह की रहमत और करम का इनाम है जो कभी खत्म नहीं होता।
इस आयत में अल्लाह तआला ने यह भी बताया कि इंसान को सबसे अच्छी सूरत में पैदा किया गया है, लेकिन अगर वह अल्लाह की नाफ़रमानी करे और रसूलों की पैरवी न करे, तो उसे जहन्नम की आग में डाल दिया जाएगा। मगर जो लोग ईमान लाए और अच्छे कर्म किए, उनके लिए यह खुशखबरी है कि उनका अंजाम जन्नत है — एक ऐसा इनाम जो कभी खत्म नहीं होगा।
दावती पहलू:
यह आयत हर उस इंसान के लिए एक बड़ी खुशखबरी है जो अल्लाह पर ईमान रखता है और अच्छे काम करता है। अल्लाह तआला अपने बंदों से वादा करता है कि उनकी मेहनत और नेकियाँ कभी बेकार नहीं जाएँगी। चाहे इंसान कितना भी बूढ़ा हो जाए या कमज़ोर, अल्लाह उसके अच्छे कर्मों का अज्र पूरा-पूरा देगा। यह अल्लाह की असीम रहमत है कि उसने अपने बंदों के लिए ऐसा इनाम तैयार किया है जो हमेशा रहने वाला है।
तो आइए, हम सब अपने ईमान को मज़बूत करें और अच्छे कर्मों पर स्थिर रहें — चाहे हालात कैसे भी हों — क्योंकि अल्लाह का वादा सच्चा है और उसका इनाम कभी खत्म नहीं होने वाला। यही सच्ची कामयाबी है, और यही हमारी ज़िंदगी का असली मक़सद है।
📜 आयत 4-8 — अत-तीन
अनुवाद — अत-तीन 6
सूरा अत-तीन आयत 6 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : मगर जो लोग ईमान लाए और अच्छे (अच्छे) काम करते…सूरा आयत 6/8 — अत-तीन التين (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अत-तीन सुनें, अत-तीन अनुवाद, अत-तीन mp3, अत-तीन pdf. आयत 4–8. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
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