Mishary Rashid Alafasy
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Mahmoud Khalil Al-Husary
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Abdurrahman As-Sudais
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Mohamed Siddiq Al-Minshawi
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Abdul Basit Abdul Samad
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Ali Al-Hudhaify
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Ahmed ibn Ali al-Ajamy
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Abu Bakr Ash-Shaatree
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Muhammad Ayyoub
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Abdullah Basfar
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Abdullah Al-Juhani
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Maher Al Muaiqly
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अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- وَهُزِّي: और तुम हिलाओ (झकझोरो)
- بِجِذْعِ النَّخْلَةِ: खजूर के पेड़ के तने को
- تُسَاقِطْ: गिरा देगा (झड़ा देगा)
- رُطَبًا: पके हुए ताज़े खजूर
- جَنِيًّا: जो अभी-अभी तोड़े गए हों (ताज़े)
तफ़सीर (व्याख्या):
यह वह पवित्र क्षण है जब मरियम (अलैहिस्सलाम) अकेली थीं, नए बच्चे को जन्म देने के बाद कमज़ोर और थकी हुई थीं। उन्हें सांत्वना देने और उनकी परेशानी दूर करने के लिए अल्लाह तआला ने उन्हें एक सरल और प्राकृतिक उपाय बताया — उन्होंने कहा: "इस खजूर के पेड़ के तने को अपनी ओर हिलाओ, उस पर से तुम पर ताज़े, पके हुए खजूर गिरेंगे।"
यह आदेश उनके लिए एक चमत्कार और रहमत था। वह एक अकेली औरत थीं, कमज़ोर थीं, लेकिन अल्लाह ने उन्हें यह सिखाया कि दुआ के साथ-साथ कोशिश भी ज़रूरी है। खजूर का पेड़ जो सूखा और बेजान लग रहा था, वह उनके हिलाने से ताज़े, मीठे और रसीले खजूरों से लद जाता है। यह इस बात की निशानी है कि अल्लाह की कुदरत किसी भी चीज़ को बदल सकती है — सूखे पेड़ से जीवन और मिठास निकाल सकती है।
इस आयत में एक बड़ा सबक है: मुसीबत और कठिनाई के समय में भी इंसान को हार नहीं माननी चाहिए। अल्लाह ने मरियम को सीधे खाना नहीं भेजा, बल्कि उन्हें एक काम दिया — पेड़ को हिलाना। यह इस बात की तालीम है कि अल्लाह की मदद उन लोगों के साथ होती है जो कोशिश करते हैं। जब इंसान अपनी तरफ से पूरी कोशिश करता है, तो अल्लाह उसके लिए रास्ते खोल देता है और उसे ऐसी नेमतें देता है जिनकी उसने कल्पना भी नहीं की होती।
यह हमारे लिए एक प्यारा पैगाम है: चाहे हालात कितने भी मुश्किल हों, अल्लाह पर भरोसा रखें और अपने हाथ-पैर हिलाते रहें। अल्लाह की रहमत उन लोगों के लिए है जो सब्र और कोशिश के साथ उसकी तरफ रुजू करते हैं। मरियम (अलैहिस्सलाम) की यह कहानी हमें सिखाती है कि अल्लाह हर मुश्किल के बाद आसानी देता है, और उसकी मदद कभी देर नहीं करती — बस ज़रूरत है भरोसे और अमल की।
📜 आयत 23-27 — सूरा मरियम
अनुवाद — मरियम 25
सूरा मरियम आयत 25 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : और खुरमे की जड़ (पकड़ कर) अपनी तरफ़ हिलाओ तुम…सूरा आयत 25/98 — सूरा मरियम مريم (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा मरियम सुनें, सूरा मरियम अनुवाद, सूरा मरियम mp3, सूरा मरियम pdf. आयत 23–27. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Friday, October 2, 2026
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