Mishary Rashid Alafasy
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Mahmoud Khalil Al-Husary
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Abdurrahman As-Sudais
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Mohamed Siddiq Al-Minshawi
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Abdul Basit Abdul Samad
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Ali Al-Hudhaify
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Ahmed ibn Ali al-Ajamy
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Abu Bakr Ash-Shaatree
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Muhammad Ayyoub
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Abdullah Basfar
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Abdullah Al-Juhani
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Maher Al Muaiqly
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अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- صَادِقَ الْوَعْدِ: वादे का सच्चा, जो वादा करे उसे पूरा करने वाला।
- رَسُولًا نَّبِيًّا: रसूल (संदेशवाहक) और नबी (ईश्वर की ओर से खबर देने वाला)।
तफ़सीर:
ऐ नबी! तुम इस क़ुरआन में इस्माईल (अलैहिस्सलाम) का ज़िक्र करो, जो इब्राहीम (अलैहिस्सलाम) के बेटे थे। वह अपने वादे में बहुत सच्चे थे—जब भी किसी से कोई वादा करते, उसे पूरा करके ही दम लेते। उन्होंने अपने पिता से जो वादा किया था कि वह सब्र करेंगे, उसे भी उन्होंने पूरा किया। अल्लाह ने उन्हें दो महान पद दिए: वह रसूल भी थे और नबी भी। वह क़ौमे-जुरहुम की ओर रसूल बनाकर भेजे गए थे और अल्लाह की तरफ से लोगों को सच्चा संदेश पहुँचाते थे।
यह ज़िक्र हमें सिखाता है कि सच्चाई और वादे की पूर्ति अल्लाह के प्यारे नबियों की सबसे बड़ी पहचान थी। इस्माईल (अलैहिस्सलाम) की यह सिफ़त हमारे लिए एक बेहतरीन नमूना है—अगर हम चाहते हैं कि अल्लाह हमसे प्यार करे और लोग हम पर भरोसा करें, तो हमें अपने वादों को पूरा करने वाला बनना चाहिए। एक मुसलमान की ज़ुबान और उसका वादा उसकी ईमानदारी की निशानी है। जब हम वादा करें तो उसे निभाएँ, चाहे कितनी भी मुश्किलें आएँ। यही रास्ता हमें अल्लाह के करीब लाता है और हमारे दिलों को सुकून देता है। आइए, हम इस्माईल (अलैहिस्सलाम) की इस सुन्नत को अपनाएँ और अपनी ज़िंदगी को सच्चाई और भरोसे की मिसाल बनाएँ।
📜 आयत 52-56 — सूरा मरियम
अनुवाद — मरियम 54
सूरा मरियम आयत 54 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : (ऐ रसूल) कुरान में इसमाईल का (भी) तज़किरा करो इसमें…सूरा आयत 54/98 — सूरा मरियम مريم (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा मरियम सुनें, सूरा मरियम अनुवाद, सूरा मरियम mp3, सूरा मरियम pdf. आयत 52–56. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Friday, October 2, 2026
अपनी नेक दुआओं में हमें मत भूलिए


