Mishary Rashid Alafasy
✓
Mahmoud Khalil Al-Husary
✓
Abdurrahman As-Sudais
✓
Mohamed Siddiq Al-Minshawi
✓
Abdul Basit Abdul Samad
✓
Ali Al-Hudhaify
✓
Ahmed ibn Ali al-Ajamy
✓
Abu Bakr Ash-Shaatree
✓
Muhammad Ayyoub
✓
Abdullah Basfar
✓
Abdullah Al-Juhani
✓
Maher Al Muaiqly
✓
अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- مُصَدِّقًا: पुष्टि करने वाला, सत्यापित करने वाला।
- لِّمَا مَعَكُمْ: जो तुम्हारे पास है (अर्थात् तौरात)।
- ثَمَنًا قَلِيلًا: थोड़ा मूल्य, अर्थात् सांसारिक लाभ।
- فَاتَّقُونِ: मुझसे डरो, मेरी अवज्ञा से बचो।
व्याख्या:
हे बनी इस्राईल! उस क़ुरआन पर ईमान लाओ जो मैंने अपने पैग़म्बर मुहम्मद (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) पर उतारा है। यह क़ुरआन उस तौरात की पुष्टि करता है जो तुम्हारे पास है, क्योंकि इसमें तौहीद (एकेश्वरवाद), नबुव्वत और पैग़म्बर मुहम्मद (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) के आगमन की ख़बरें वही हैं जो तौरात में मौजूद थीं। सावधान रहो कि तुम अहले-किताब में से सबसे पहले उसका इन्कार करने वाले न बनो, क्योंकि यदि तुम इन्कार करोगे तो तुम्हारे अनुयायी भी तुम्हारा अनुसरण करेंगे, और तुम पर उनके गुनाहों का बोझ भी आएगा। मेरी आयतों (क़ुरआन और मुहम्मद पर ईमान) के बदले दुनिया का थोड़ा-सा माल, रुतबा या नेतृत्व न ख़रीदो, क्योंकि यह सब कुछ नाशवान है। केवल मुझसे डरो, मेरी आज्ञा का पालन करो और मेरी अवज्ञा से बचो।
शिक्षाएँ और लाभ:
- क़ुरआन और पिछली किताबों में मूल रूप से कोई विरोध नहीं है; क़ुरआन उनकी सच्चाई की पुष्टि करता है, इसलिए सच्चे अहले-किताब को क़ुरआन पर ईमान लाना चाहिए।
- सत्य को स्वीकार करने में देरी नहीं करनी चाहिए, क्योंकि जो पहले इन्कार करता है, उस पर अधिक ज़िम्मेदारी और गुनाह होता है।
- दुनिया का मामूली लाभ (धन, पद, प्रतिष्ठा) कभी भी ईमान और अल्लाह की आयतों के बदले नहीं बेचा जाना चाहिए; यह सबसे बड़ा घाटा है।
- अल्लाह का डर (तक़वा) ही वह चीज़ है जो इंसान को गुनाहों से रोकती है और उसे सीधे मार्ग पर चलाती है; यही सफलता की कुंजी है।
- यह आयत हमें सिखाती है कि अपने धार्मिक विश्वासों को दुनियावी मतलबों के लिए नहीं बेचना चाहिए, और सत्य के सामने झुकना ही बुद्धिमानी है।
📜 आयत 39-43 — सूरा अल-बकरा
अनुवाद — अल-बकरा 41
सूरा अल-बकरा आयत 41 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : और जो (कुरान) मैंने नाज़िल किया वह उस किताब (तौरेत)…सूरा आयत 41/286 — सूरा अल-बकरा البقرة (मदनी). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा अल-बकरा सुनें, सूरा अल-बकरा अनुवाद, सूरा अल-बकरा mp3, सूरा अल-बकरा pdf. आयत 39–43. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Monday, September 28, 2026
अपनी नेक दुआओं में हमें मत भूलिए


