Mishary Rashid Alafasy
✓
Mahmoud Khalil Al-Husary
✓
Abdurrahman As-Sudais
✓
Mohamed Siddiq Al-Minshawi
✓
Abdul Basit Abdul Samad
✓
Ali Al-Hudhaify
✓
Ahmed ibn Ali al-Ajamy
✓
Abu Bakr Ash-Shaatree
✓
Muhammad Ayyoub
✓
Abdullah Basfar
✓
Abdullah Al-Juhani
✓
Maher Al Muaiqly
✓
अनुवाद — Tafsir
शब्दार्थ:
- أَيَعِدُكُمْ – क्या वह तुमसे वादा करता है
- مِتُّمْ – तुम मर जाओ
- تُرَابًا – मिट्टी
- وَعِظَامًا – और हड्डियाँ
- مُخْرَجُونَ – निकाले जाने वाले (कब्रों से जीवित होकर उठाए जाने वाले)
तफ़सीर:
यह आयत उन काफ़िरों की बात बयान कर रही है जो हज़रत नूह (अलैहिस्सलाम) की उम्मत में थे और उनके दावे का मज़ाक उड़ाते थे। वे लोग हैरानी और इनकार के अंदाज़ में कहते थे: "क्या यह शख्स तुमसे वादा करता है कि जब तुम मर जाओगे और मिट्टी और बिखरी हुई हड्डियों में बदल जाओगे, तो तुम्हें कब्रों से जीवित निकाला जाओगे?" वे इस बात को असंभव और बेतुका समझते थे, क्योंकि उनका दिल मौत के बाद जीवन पर यकीन नहीं करता था।
यह आयत उन लोगों की मानसिकता को उजागर करती है जो आख़िरत पर ईमान नहीं रखते। वे सिर्फ़ इस दुनिया की ज़िंदगी को ही सब कुछ मानते हैं और उन्हें यह समझ नहीं आता कि जो शरीर मिट्टी में मिलकर नष्ट हो जाए, वह दोबारा कैसे ज़िंदा हो सकता है। लेकिन अल्लाह तआला ने इसका जवाब अपनी क़ुदरत के ज़रिए दिया है—जिसने पहली बार इंसान को पैदा किया, वही उसे दोबारा ज़िंदा करने पर भी पूरी तरह क़ादिर है।
इस आयत से हमें सबक लेना चाहिए कि मौत के बाद का जीवन हक़ीक़त है, और जो लोग इस पर शक करते हैं, वह अपनी समझ पर भरोसा करके अल्लाह की क़ुदरत को भूल जाते हैं। अल्लाह तआला ने इंसान को पैदा करने की शुरुआत की, और वही उसे दोबारा पैदा करेगा। यह उसके लिए बिल्कुल आसान है। हमें चाहिए कि हम आख़िरत पर पक्का ईमान रखें, क्योंकि यही ईमान इंसान को अच्छे कामों की तरफ़ राह दिखाता है और बुराइयों से रोकता है। जो लोग इस हक़ीक़त को नहीं मानते, वे अपने अंजाम से ग़ाफ़िल हैं, और क़यामत के दिन उन्हें अपनी ग़लती का एहसास होगा, लेकिन तब पछताना बेकार होगा।
📜 आयत 33-37 — सूरा अल-मोमिनुन
अनुवाद — अल-मोमिनुन 35
सूरा अल-मोमिनुन आयत 35 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : क्या ये शख्स तुमसे वायदा करता है कि जब तुम…सूरा आयत 35/118 — सूरा अल-मोमिनुन المؤمنون (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा अल-मोमिनुन सुनें, सूरा अल-मोमिनुन अनुवाद, सूरा अल-मोमिनुन mp3, सूरा अल-मोमिनुन pdf. आयत 33–37. हिंदी अर्थ: اردو.
सूरा अल-मोमिनुन
पवित्र क़ुरआन
Monday, September 28, 2026
अपनी नेक दुआओं में हमें मत भूलिए


