Mishary Rashid Alafasy
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Mahmoud Khalil Al-Husary
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Abdurrahman As-Sudais
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Mohamed Siddiq Al-Minshawi
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Abdul Basit Abdul Samad
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Ali Al-Hudhaify
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Ahmed ibn Ali al-Ajamy
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Abu Bakr Ash-Shaatree
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Muhammad Ayyoub
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Abdullah Basfar
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Abdullah Al-Juhani
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Maher Al Muaiqly
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अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- ارْكُضْ: अपने पैर से (ज़मीन) को ठोको / मारो।
- مُغْتَسَلٌ: नहाने की जगह या नहाने का पानी।
- شَرَابٌ: पीने की चीज़ (पेय)।
तफ़सीर (व्याख्या):
जब अल्लाह ने अपने नबी अय्यूब (अलैहिस्सलाम) को उनकी बीमारी और कठिन परीक्षा से निजात देनी चाही, तो उन्हें आदेश दिया गया: "अपने पैर से ज़मीन को ठोको।" जैसे ही उन्होंने ऐसा किया, वहाँ से एक ठंडा पानी का सोता फूट पड़ा। अल्लाह ने फ़रमाया: "यह नहाने की जगह है और पीने का पानी है।" यानी इस पानी से नहाओ और पियो, ताकि तुम्हारा हर दर्द और तकलीफ़ दूर हो जाए। यह अल्लाह की रहमत का एक करिश्मा था कि उसी पानी के ज़रिए अय्यूब (अलैहिस्सलाम) को शिफ़ा (شفاء) अता हुई, उनकी बीमारी दूर हुई और वे पूरी तरह तंदुरुस्त हो गए।
दावती पहलू:
यह क़िस्सा हमें सिखाता है कि अल्लाह की रहमत कभी भी और किसी भी तरह से आ सकती है। जब इंसान मुसीबत में होता है, तो उसे अल्लाह पर भरोसा रखना चाहिए और उसकी हर आज्ञा का पालन करना चाहिए, चाहे वह आज्ञा कितनी भी अनोखी या साधारण क्यों न लगे। अय्यूब (अलैहिस्सलाम) ने जैसे ही अल्लाह का हुक्म माना, उनकी हर तकलीफ़ दूर हो गई। यह हमारे लिए एक सबक़ है कि अल्लाह की बताई हुई राह पर चलने में ही हमारी भलाई है। अल्लाह हर मुसीबत के साथ राहत भी रखता है, बशर्ते हम सब्र करें और उसकी ओर रुजू करें। यह क़िस्सा हमें यह भी बताता है कि अल्लाह अपने नेक बंदों को कभी अकेला नहीं छोड़ता, और हर परीक्षा के बाद वह उन्हें बेहतर इनाम देता है।
📜 आयत 40-44 — सूरा साद
अनुवाद — साद 42
सूरा साद आयत 42 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : तो हमने कहा कि अपने पाँव से (ज़मीन को) ठुकरा…सूरा आयत 42/88 — सूरा साद ص (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा साद सुनें, सूरा साद अनुवाद, सूरा साद mp3, सूरा साद pdf. आयत 40–44. हिंदी अर्थ: اردو.
सूरा साद
पवित्र क़ुरआन
Saturday, October 3, 2026
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