अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- عِظَامًا (हड्डियाँ): यानी जब हम मरकर हड्डियाँ बन जाएँगे।
- رُفَاتًا (चूर-चूर / राख): यानी टुकड़े-टुकड़े होकर मिट्टी में मिल जाएँगे।
- لَمَبْعُوثُونَ (दोबारा उठाए जाने वाले): यानी क़ब्रों से जीवित करके उठाए जाएँगे।
- خَلْقًا جَدِيدًا (नई सृष्टि): यानी बिल्कुल नए सिरे से पैदा किए जाएँगे।
तफ़सीर (व्याख्या):
यह आयत उन मुशरिकीन (बहुदेववादियों) के बारे में है जो आख़िरत (परलोक) और क़ियामत के दिन को नहीं मानते थे। अल्लाह तआला फ़रमाता है कि यह जो अज़ाब (यातना) और सज़ा है, यह उनका बदला है, क्योंकि उन्होंने अल्लाह की आयतों और उसकी निशानियों को झुठलाया। उन्होंने अल्लाह के रसूलों की दावत को कबूल नहीं किया और उन आयतों को नकार दिया जो उनके पास अल्लाह की तरफ से आईं।
इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि जब हम मर जाएँगे और हमारी हड्डियाँ सड़-गलकर चूर-चूर हो जाएँगी और मिट्टी में मिल जाएँगी, तो क्या हमें दोबारा नई सृष्टि के रूप में जीवित करके उठाया जाएगा? वे इस बात को असंभव और अक्ल से दूर समझते थे, और इसलिए वे मज़ाक़ उड़ाते हुए यह सवाल पूछते थे।
अल्लाह तआला ने उनके इस इनकार का जवाब दिया कि जिस अल्लाह ने पहली बार उन्हें पैदा किया, वह उन्हें दोबारा पैदा करने पर पूरी तरह क़ादिर (सक्षम) है। मौत के बाद दोबारा जीवित करना अल्लाह के लिए बिल्कुल आसान है। यह उसकी क़ुदरत का एक सामान्य काम है।
दावती पहलू (प्रेरणादायक संदेश):
प्यारे भाइयों और बहनों! यह आयत हमें यह सिखाती है कि अल्लाह की क़ुदरत के आगे कुछ भी मुश्किल नहीं है। जिस अल्लाह ने हमें पहली बार पैदा किया, वह हमें दोबारा ज़रूर उठाएगा। यह हमारे लिए कितनी बड़ी ख़ुशख़बरी है कि मौत के बाद भी एक बेहतर ज़िंदगी हमारा इंतज़ार कर रही है। अगर हम अल्लाह पर ईमान लाएँ और उसके बताए रास्ते पर चलें, तो जन्नत की नेमतें हमारे लिए हैं। यह आयत हमें याद दिलाती है कि दुनिया की यह ज़िंदगी आख़िरी नहीं है, बल्कि यह एक इम्तिहान की जगह है। हमें अपने अमल (कर्मों) को सुधारना चाहिए और अल्लाह की रहमत और उसकी जन्नत की तरफ दौड़ना चाहिए। अल्लाह की क़ुदरत पर भरोसा रखें और उसके वादे पर यक़ीन करें — क्योंकि उसका वादा सच्चा है और वह कभी अपना वादा नहीं तोड़ता।
📜 आयत 96-100 — अल-इसरा
अनुवाद — अल-इसरा 98
सूरा अल-इसरा आयत 98 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : ये सज़ा उनकी इस वज़ह से है कि उन लोगों…सूरा आयत 98/111 — अल-इसरा الإسراء (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अल-इसरा सुनें, अल-इसरा अनुवाद, अल-इसरा mp3, अल-इसरा pdf. आयत 96–100. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
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