अनुवाद — Tafsir
शब्दार्थ:
- كَذَٰلِكَ: इसी प्रकार, ऐसे ही।
- أَحَطْنَا: हमने घेर लिया, पूरी तरह से जान लिया, हमारे ज्ञान ने सब कुछ अपने घेरे में ले लिया।
- خُبْرًا: पूर्ण ज्ञान, खबर रखना, हर चीज़ से अवगत होना।
तफ़सीर (व्याख्या):
यानी जिस प्रकार ज़ुल-क़रनैन ने सूर्यास्त की ओर (पश्चिम) के लोगों के साथ न्याय और अदल का व्यवहार किया, उसी प्रकार उन्होंने सूर्योदय की ओर (पूर्व) के लोगों के साथ भी किया। अल्लाह तआला फ़रमा रहे हैं कि हमें उसके पास मौजूद हर चीज़ का पूरा-पूरा ज्ञान था — उसकी सेना, उसके साधन, उसकी ताक़त, उसके साम्राज्य के सारे सामान और उसे मिली हुई हर सुविधा और शक्ति का हमें पूर्ण और गहरा इल्म था। हमारा ज्ञान उसकी हर हालत और हर काम का अहाता किए हुए था। यह एक बहुत बड़ी नेमत थी कि अल्लाह ने उसे यह ताक़त दी और फिर उसके हर काम पर अपनी निगरानी और ज्ञान का इज़हार फ़रमाया।
दावती पहलू (प्रेरणादायक संदेश):
इस आयत से हमें यह सबक मिलता है कि अल्लाह तआला अपने नेक बंदों की हर हालत से वाक़िफ है। जब कोई बंदा अल्लाह की राह में काम करता है, अदल और इंसाफ़ फैलाता है, तो अल्लाह उसकी मदद करता है और उसे ताक़त व इख़्तियार देता है। ज़ुल-क़रनैन की यह कामयाबी इसलिए थी कि उन्होंने अपनी ताक़त को अल्लाह की राह में इस्तेमाल किया। हमें भी चाहिए कि जो भी नेमतें और ताक़तें अल्लाह ने हमें दी हैं, उन्हें हम उसी की राह में लगाएँ। अल्लाह का ज्ञान हर चीज़ को घेरे हुए है — हमारे अच्छे काम और हमारी नीयतें सब उसके सामने हैं। यह सोच हमें अच्छे कामों की तरफ़ राग़िब करती है और बुराई से रोकती है। जब हमें यक़ीन हो कि अल्लाह सब कुछ देख रहा है और जान रहा है, तो हमारा दिल अच्छाई की तरफ़ माइल होता है और हम अपनी ज़िंदगी को अल्लाह की रज़ा के मुताबिक़ ढालने की कोशिश करते हैं। यही सच्ची कामयाबी है।
📜 आयत 89-93 — अल-कहफ
अनुवाद — अल-कहफ 91
सूरा अल-कहफ आयत 91 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : और था भी ऐसा ही और जुलक़रनैन के पास वो…सूरा आयत 91/110 — अल-कहफ الكهف (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अल-कहफ सुनें, अल-कहफ अनुवाद, अल-कहफ mp3, अल-कहफ pdf. आयत 89–93. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
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