अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- فَأَشَارَتْ إِلَيْهِ: मरियम (अलैहिस्सलाम) ने अपने बेटे ईसा (अलैहिस्सलाम) की ओर इशारा किया।
- الْمَهْدِ: गोद या पालना, यानी शिशु अवस्था।
- صَبِيًّا: छोटा बच्चा, दूध पीता शिशु।
तफ़सीर (व्याख्या):
जब मरियम (अलैहिस्सलाम) अपनी क़ौम के लोगों के पास अपने नवजात बच्चे को गोद में लेकर आईं, तो लोगों ने उन्हें घेर लिया और उन पर आरोप लगाने लगे। उन्होंने मरियम से कहा: "तुमने बहुत बुरा काम किया है!" मरियम (अलैहिस्सलाम) ने उनके सवालों और इल्ज़ामात का जवाब देने के बजाय अपने बच्चे की ओर इशारा किया, जैसे कह रही हों: "इससे पूछ लो, यही तुम्हें जवाब देगा।"
लोगों ने यह देखकर अचरज और इनकार के साथ कहा: "हम उस बच्चे से कैसे बात करें जो अभी पालने में पड़ा एक मासूम शिशु है?" उन्हें यह बात बिल्कुल असंभव और अजीब लगी कि एक दूध पीता बच्चा बोल सकता है। वे समझ नहीं पा रहे थे कि मरियम उन्हें एक शिशु से बात करने का कहकर उनका मज़ाक उड़ा रही हैं।
लेकिन अल्लाह तआला की क़ुदरत देखिए—उसी पल अल्लाह के हुक्म से ईसा (अलैहिस्सलाम) ने अपनी माँ की पाकी और बेगुनाही साबित करने के लिए मुंह खोला और बोल पड़े: "मैं अल्लाह का बंदा हूँ, उसने मुझे किताब दी और मुझे नबी बनाया है..." (मरियम: 30)। यह अल्लाह का एक महान मौजिज़ा (चमत्कार) था जो उसने अपने नबी ईसा के ज़रिए दिखाया।
दावती पहलू:
यह क़िस्सा हमें सिखाता है कि अल्लाह तआला की क़ुदरत के आगे हर चीज़ मुमकिन है। जब अल्लाह किसी चीज़ का इरादा करता है, तो वह सिर्फ "कुन" (हो जा) कहता है और वह हो जाती है। एक मासूम शिशु को बोलने की ताक़त देना अल्लाह के लिए बिल्कुल आसान है। यह हमारे ईमान की तक़वियत (मज़बूती) का ज़रिया है कि हम अल्लाह की हर क़ुदरत पर यक़ीन रखें और उसके वादों पर भरोसा करें। जब अल्लाह ने एक बच्चे को अपनी माँ की पाकी साबित करने के लिए बोलने की ताक़त दी, तो क्या वह हमारी मुश्किलों में हमारी मदद नहीं कर सकता? ज़रूर कर सकता है। हमें चाहिए कि हर हाल में अल्लाह पर भरोसा रखें और उसकी रहमत से कभी निराश न हों। यह क़िस्सा हमें यह भी सिखाता है कि सच्चाई और पाकी हमेशा बुलंद होती है, चाहे दुनिया कितनी भी मुख़ालिफ़त क्यों न करे। अल्लाह अपने नेक बंदों की इज़्ज़त खुद करता है और उनके दुश्मनों को रुसवा करता है।
📜 आयत 27-31 — सूरा मरियम
अनुवाद — मरियम 29
सूरा मरियम आयत 29 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : तो मरियम ने उस लड़के की तरफ इशारा किया (…सूरा आयत 29/98 — सूरा मरियम مريم (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा मरियम सुनें, सूरा मरियम अनुवाद, सूरा मरियम mp3, सूरा मरियम pdf. आयत 27–31. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Monday, September 7, 2026
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