Mishary Rashid Alafasy
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Mahmoud Khalil Al-Husary
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Abdurrahman As-Sudais
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Mohamed Siddiq Al-Minshawi
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Abdul Basit Abdul Samad
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Ali Al-Hudhaify
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Ahmed ibn Ali al-Ajamy
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Abu Bakr Ash-Shaatree
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Muhammad Ayyoub
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Abdullah Basfar
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Abdullah Al-Juhani
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Maher Al Muaiqly
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अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- يَرْتَعْ: चरागाह में जाकर खुशी से खाना-पीना और आनंद लेना।
- يَلْعَبْ: खेलना-कूदना, दौड़ना और मनोरंजन करना।
- لَحَافِظُونَ: हम उसकी रक्षा करने वाले हैं, उसे किसी भी प्रकार की हानि से बचाएंगे।
तफ़सीर (व्याख्या):
जब हज़रत यूसुफ़ (अलैहिस्सलाम) के भाइयों ने अपने पिता हज़रत याक़ूब (अलैहिस्सलाम) से यूसुफ़ को अपने साथ ले जाने की अनुमति माँगी, तो उन्होंने कहा: "कल हमें उसे अपने साथ भेज दीजिए। हम सब मिलकर बाहर (चरागाह या मैदान) जाएंगे, जहाँ वह खूब खाएगा-पीएगा, आनंद उठाएगा, दौड़ेगा-कूदेगा और खेल-कूद में मगन रहेगा। हम उसके साथ रहेंगे और उसकी पूरी तरह रक्षा करेंगे, उसे किसी भी प्रकार की कोई हानि या परेशानी नहीं पहुँचने देंगे।"
यह भाइयों की ओर से एक मीठी और प्रेमपूर्ण बात थी, जिससे पिता का भरोसा जीतकर यूसुफ़ को अपने साथ ले जाना था। लेकिन उनके दिल में इसका इरादा नहीं था, बल्कि वे उसे ले जाकर कुएँ में डालने की योजना बना रहे थे। उन्होंने पिता को आश्वस्त करने के लिए यह कहा कि वे उसकी रक्षा करेंगे, जबकि वास्तव में वे उसके साथ बुरा करने का इरादा रखते थे।
फ़ायदे (सीख):
- बच्चों के प्रति पिता का प्रेम और उनकी सुरक्षा की चिंता स्वाभाविक है, और यह इस्लामी शिक्षा का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।
- इंसान को चाहिए कि वह अपनी बातों में सच्चाई और ईमानदारी रखे, क्योंकि झूठ और धोखा अंततः बुरे अंजाम तक पहुँचाता है।
- अल्लाह तआला अपने नेक बंदों की हिफ़ाज़त करता है, चाहे दुश्मन कितनी भी चालें क्यों न चलें। यूसुफ़ (अलैहिस्सलाम) को कुएँ में डालने के बावजूद अल्लाह ने उन्हें बचाया और ऊँचा मुकाम दिया।
- माता-पिता को चाहिए कि वे बच्चों की परवरिश में हिकमत (समझदारी) से काम लें और उनकी सुरक्षा का पूरा ध्यान रखें।
- यह क़िस्सा हमें सिखाता है कि अल्लाह पर भरोसा रखना चाहिए, क्योंकि वही सबसे अच्छा रक्षक है और हर मुश्किल से निकालने वाला है।
📜 आयत 10-14 — सूरा यूसुफ
अनुवाद — यूसुफ 12
सूरा यूसुफ आयत 12 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : हालॉकि हम लोग तो उसके ख़ैर ख्वाह (भला चाहने वाले)…सूरा आयत 12/111 — सूरा यूसुफ يوسف (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा यूसुफ सुनें, सूरा यूसुफ अनुवाद, सूरा यूसुफ mp3, सूरा यूसुफ pdf. आयत 10–14. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Saturday, October 3, 2026
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