अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- قَمِيصُهُ (क़मीसुहु): उसकी क़मीज़ (कुर्ता)।
- قُدَّ (क़ुद्दा): फटा हुआ, चीरा हुआ।
- مِنْ دُبُرٍ (मिन दुबुरिन): पीछे की ओर से।
- فَكَذَبَتْ (फ़कज़बत): तो वह (औरत) झूठी है।
- وَهُوَ مِنَ الصَّادِقِينَ (व हुवा मिनस्सादिक़ीन): और वह (यूसुफ अलैहिस्सलाम) सच्चों में से है।
तफ़सीर (व्याख्या):
जब यूसुफ़ अलैहिस्सलाम और उस घर की औरत दोनों दरवाज़े की ओर दौड़े, तो उस औरत ने उन्हें रोकने के लिए उनकी क़मीज़ को पीछे से पकड़ लिया और वह क़मीज़ पीछे की ओर से फट गई। इसी बीच दोनों ने उस औरत के पति (अज़ीज़) को दरवाज़े पर पाया। उस औरत ने झूठा आरोप लगाते हुए कहा कि यूसुफ़ ने उसके साथ बुरा इरादा किया। तब यूसुफ़ अलैहिस्सलाम ने अपनी बेगुनाही ज़ाहिर की। उसी समय एक गवाह ने फ़ैसला सुनाया कि अगर क़मीज़ आगे से फटी हो तो औरत सच्ची है और यूसुफ़ झूठा, लेकिन अगर क़मीज़ पीछे से फटी हो तो औरत झूठी है और यूसुफ़ सच्चा है। इस आयत में अल्लाह तआला फ़रमाता है कि जब क़मीज़ पीछे से फटी पाई गई, तो यह साबित हो गया कि वह औरत झूठी है और यूसुफ़ अलैहिस्सलाम सच्चों में से हैं। यह इसलिए कि वह औरत यूसुफ़ का पीछा कर रही थी और उन्हें रोकने के लिए उनकी क़मीज़ पीछे से पकड़ी, जिससे वह पीछे से फटी। यह स्पष्ट प्रमाण था कि यूसुफ़ उससे भाग रहे थे, न कि उन्होंने कोई बुरा इरादा किया था।
फ़ायदे (शिक्षाएँ):
- यह आयत हमें सिखाती है कि सच्चाई चाहे कितनी भी मुश्किल घड़ी में हो, अल्लाह उसे ज़ाहिर करने का कोई न कोई रास्ता निकाल ही देता है। यूसुफ़ अलैहिस्सलाम की बेगुनाही एक फटी क़मीज़ से साबित हो गई।
- इंसान को चाहिए कि वह हर मामले में सच्चाई पर डटा रहे, भले ही उसे बदनामी या मुसीबत का सामना करना पड़े। अल्लाह सच्चों की मदद करता है।
- इस घटना से पता चलता है कि फ़ितना (बुराई) से बचने के लिए इंसान को भागना चाहिए, जैसे यूसुफ़ ने उस औरत से बचने की कोशिश की। अल्लाह की पनाह माँगना और बुराई से दूर रहना ही सच्चे ईमान की निशानी है।
- यह आयत हमें यह भी सिखाती है कि झूठा आरोप लगाना बहुत बड़ा गुनाह है, और अल्लाह झूठों को रुसवा करता है, जबकि सच्चों की इज़्ज़त बढ़ाता है।
📜 आयत 25-29 — यूसुफ
अनुवाद — यूसुफ 27
सूरा यूसुफ आयत 27 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : और अगर उनका कुर्ता पींछे से फटा हुआ हो तो…सूरा आयत 27/111 — यूसुफ يوسف (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: यूसुफ सुनें, यूसुफ अनुवाद, यूसुफ mp3, यूसुफ pdf. आयत 25–29. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Tuesday, August 18, 2026
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