अश-शुआरा · 222/227
अनुवाद उच्चारण — अश-शुआरा
تَنَزَّلُ عَلَىٰ كُلِّ أَفَّاكٍ أَثِيمٍ ۝٢٢٢
Tanazzalu `alaa kulli affaakin aseem
📖 हिंदी अर्थ
(लो सुनो) ये लोग झूठे बद किरदार पर नाज़िल हुआ करते हैं
📜

अनुवाद — Tafsir

शब्दार्थ:

  • अफ़्फ़ाक (أَفَّاك): अत्यधिक झूठ बोलने वाला, कि जो झूठ में माहिर हो।
  • असीम (أَثِيم): बहुत अधिक पाप करने वाला, जो लगातार गुनाहों में डूबा रहे।

तफ़सीर:

अल्लाह तआला इस आयत में बताते हैं कि शैतान (जिन्नात में से) किन लोगों पर उतरते हैं। यह स्पष्ट किया जा रहा है कि शैतान उन्हीं पर उतरते हैं जो अत्यधिक झूठ बोलने वाले और बड़े पापी होते हैं। ये वे काहिन (ज्योतिषी, भविष्यवक्ता, झाड़-फूंक करने वाले) और ऐसे ही लोग हैं जो शैतानों से संपर्क करते हैं। शैतान आसमान की बातें चुराकर इन काहिनों तक पहुँचाते हैं, और ये काहिन उस एक सच्ची बात में सौ से अधिक झूठ मिला देते हैं। इसलिए इनकी बातों पर भरोसा करना पूरी तरह गलत है, क्योंकि ये झूठ और धोखे के अड्डे हैं।

यह आयत हमें सिखाती है कि सच्चाई और हिदायत का स्रोत केवल अल्लाह की वही (कुरआन) और उसके पैग़म्बर ﷺ हैं। शैतान और उसके साथियों का काम हमेशा झूठ, धोखा और गुमराही फैलाना है। जो लोग इनसे जुड़ते हैं, वे सत्य से दूर हो जाते हैं। एक मुसलमान को चाहिए कि वह किसी भी प्रकार के काहिन, ज्योतिषी, या भविष्यवक्ता के पास न जाए, क्योंकि यह शिर्क और गुमराही का द्वार है। हमें अल्लाह की किताब और रसूल ﷺ की सुन्नत को ही अपना मार्गदर्शक बनाना चाहिए, क्योंकि इसमें ही हमारी भलाई और सफलता है। अल्लाह हमें सत्य पर चलने और झूठ से बचने की तौफ़ीक़ दे। आमीन।

🎧 सुनें

📜 आयत 220-224 — अश-शुआरा

220إِنَّهُ هُوَ السَّمِيعُ الْعَلِيمُ
करने वालों (की जमाअत) में तुम्हारा फिरना (उठना बैठना सजदा रुकूउ वगैरह सब) देखता है
221هَلْ أُنَبِّئُكُمْ عَلَىٰ مَن تَنَزَّلُ الشَّيَاطِينُ
बेशक वह बड़ा सुनने वाला वाक़िफ़कार है क्या मै तुम्हें बता दूँ कि शयातीन किन लोगों पर नाज़िल हुआ करते हैं
222تَنَزَّلُ عَلَىٰ كُلِّ أَفَّاكٍ أَثِيمٍ
(लो सुनो) ये लोग झूठे बद किरदार पर नाज़िल हुआ करते हैं
223يُلْقُونَ السَّمْعَ وَأَكْثَرُهُمْ كَاذِبُونَ
जो (फ़रिश्तों की बातों पर कान लगाए रहते हैं) कि कुछ सुन पाएँ
224وَالشُّعَرَاءُ يَتَّبِعُهُمُ الْغَاوُونَ
हालाँकि उनमें के अक्सर तो (बिल्कुल) झूठे हैं और शायरों की पैरवी तो गुमराह लोग किया करते हैं
अश-शुआराकुरान सूची
227आयत
मक्कीRevelation
222आयत

अनुवाद — अश-शुआरा 222

सूरा अश-शुआरा आयत 222 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : (लो सुनो) ये लोग झूठे बद किरदार पर नाज़िल हुआ…

सूरा आयत 222/227 — अश-शुआरा الشعراء (मक्की). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: अश-शुआरा सुनें, अश-शुआरा अनुवाद, अश-शुआरा mp3, अश-शुआरा pdf. आयत 220–224. हिंदी अर्थ: اردو.




पवित्र क़ुरआन


Tuesday, August 18, 2026

अपनी नेक दुआओं में हमें मत भूलिए