Mishary Rashid Alafasy
✓
Mahmoud Khalil Al-Husary
✓
Abdurrahman As-Sudais
✓
Mohamed Siddiq Al-Minshawi
✓
Abdul Basit Abdul Samad
✓
Ali Al-Hudhaify
✓
Ahmed ibn Ali al-Ajamy
✓
Abu Bakr Ash-Shaatree
✓
Muhammad Ayyoub
✓
Abdullah Basfar
✓
Abdullah Al-Juhani
✓
Maher Al Muaiqly
✓
अनुवाद — Tafsir
शब्दों के अर्थ:
- يَعِدُهُمْ (वादा करता है उनसे): शैतान अपने अनुयायियों से झूठे वादे करता है।
- يُمَنِّيهِمْ (आशाएँ दिलाता है): उन्हें खोखली और झूठी आशाएँ देता है, जिनका कोई वास्तविक आधार नहीं होता।
- غُرُورًا (धोखा): पूर्णतः भ्रामक और बातिल चीज़, जो सिर्फ धोखा देने के लिए हो।
तफ़सीर (व्याख्या):
यह आयत शैतान की उस फितनत-भरी चाल को उजागर करती है जो वह इंसानों के साथ करता है। शैतान अपने पैरोकारों को लगातार वादे करता है—कभी लंबी उम्र का, कभी दुनिया की दौलत का, कभी सुख-सुविधाओं का—और उन्हें ऐसी आशाओं में उलझाए रखता है जो कभी पूरी नहीं होतीं। वह उन्हें कल पर टालने, बुरे कामों को खूबसूरत दिखाने और आख़िरत को भुलाने का काम करता है।
लेकिन सच्चाई यह है कि शैतान के सारे वादे सिर्फ धोखा हैं। उसके पास न तो कोई सच्चाई है, न कोई ताकत, और न ही वह अपने वादों को पूरा कर सकता है। वह एक झूठा वादा करने वाला है जो इंसान को अंधेरे में ले जाता है और जब इंसान उसके पीछे चलता है, तो उसे कुछ नहीं मिलता सिवाय पछतावे के।
यह आयत हमें सिखाती है कि हमें शैतान के वादों पर भरोसा नहीं करना चाहिए। वह हमें गुनाह की राह दिखाता है, लेकिन उसका अंजाम सिर्फ दुख और अफसोस है। अल्लाह तआला ने हमें सच्चा रास्ता दिखाया है—सब्र, नेकी और तक़वा का रास्ता—जो दुनिया और आख़िरत दोनों में कामयाबी देता है। शैतान की बातों में कोई भलाई नहीं, जबकि अल्लाह का वादा सच्चा है और उसकी रहमत असीम है।
इसलिए ऐ इंसान! शैतान के धोखे में न आ, उसकी झूठी आशाओं पर भरोसा न कर। अल्लाह की तरफ रुजू कर, उसकी इबादत कर और उसके दिए हुए रास्ते पर चल। यही सच्ची कामयाबी है, और यही वह रास्ता है जो तुझे जन्नत की तरफ ले जाएगा। शैतान का अंजाम हमेशा नुकसान है, जबकि अल्लाह का वादा हमेशा सच्चा और भलाई वाला है।
📜 आयत 118-122 — सूरा अन-निसा
अनुवाद — अन-निसा 120
सूरा अन-निसा आयत 120 - पढ़ें, सुनें, अनुवाद, हिन्दी : शैतान उनसे अच्छे अच्छे वायदे भी करता है (और बड़ी…सूरा आयत 120/176 — सूरा अन-निसा النساء (मदनी). पढ़ें सुनें अनुवाद (हिन्दी). सुनें: सूरा अन-निसा सुनें, सूरा अन-निसा अनुवाद, सूरा अन-निसा mp3, सूरा अन-निसा pdf. आयत 118–122. हिंदी अर्थ: اردو.
पवित्र क़ुरआन
Saturday, October 3, 2026
अपनी नेक दुआओं में हमें मत भूलिए


